BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

MPTET
1 views

मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, हॉवर्ड गार्डनर (Howard Gardner) के 'बहु-बुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences) के अंतर्गत प्रतिपादित 'संगीतकीय बुद्धि' (Musical Intelligence) तथा 'शारीरिक-गतिकी बुद्धि' (Bodily-Kinesthetic Intelligence) के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों की स्वर-लय की समझ, शारीरिक समन्वय, और प्रयोगात्मक कौशलों के वैज्ञानिक प्रबंधन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?

Detailed Explanation

हॉवर्ड गार्डनर के बहु-बुद्धि सिद्धांत के अनुसार, संगीतकीय और शारीरिक-गतिकी बुद्धियाँ मस्तिष्क के विशिष्ट तंत्रिका तंत्रों (जैसे श्रवण कॉर्टेक्स और मोटर कॉर्टेक्स) से जुड़ी स्वतंत्र क्षमताएं हैं। कक्षा-कक्षीय शिक्षण में जब शिक्षक लय, ताल, शारीरिक गतिविधियों (रोल-प्ले, प्रयोगशाला कार्य, और गति आधारित गतिविधियाँ) का उपयोग करते हैं, तो यह विद्यार्थियों के विविध संज्ञानात्मक प्रोफाइलों को संतुष्ट करता है और 'मल्टीपल सेंसरी एंगेजमेंट' के माध्यम से दीर्घकालिक स्मृति और वैचारिक स्पष्टता को बढ़ावा देता है।
Share:

Related Questions

मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, सिगमंड फ्रायड (Sigmund Freud) के 'मनोविश्लेषणात्मक सिद्धांत' (Psychoanalytic Theory) के अंतर्गत प्रतिपादित व्यक्तित्व की संरचना के तीन प्रमुख घटकों—(1) इड (Id), (2) ईगो (Ego), और (3) सुपर-ईगो (Super-ego)—तथा ईगो द्वारा उपयोग की जाने वाली 'रक्षा तंत्र' (Defense Mechanisms) जैसे कि 'दमन' (Repression), 'युक्तिकरण' (Rationalization), और 'प्रक्षेपण' (Projection) के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के संवेगात्मक समायोजन, तनाव और चिंता (Anxiety) के वैज्ञानिक प्रबंधन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है? मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, लॉरेंस कोहलबर्ग (Lawrence Kohlberg) के 'नैतिक विकास के सिद्धांत' (Theory of Moral Development) के अंतर्गत प्रतिपादित 'सामाजिक अनुबंध और व्यक्तिगत अधिकार' (Social Contract and Individual Rights) की अवधारणा—जिसके तहत पारंपरिक नैतिकता से आगे बढ़कर व्यक्ति यह समझ विकसित करता है कि कानून और नियम लचीले सामाजिक समझौते हैं जिन्हें समाज के कल्याण और व्यक्तिगत अधिकारों की रक्षा के लिए लोकतांत्रिक रूप से बदला जा सकता है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के लोकतांत्रिक मूल्यों के विकास, तार्किक नैतिक निर्णय लेने की क्षमता और आलोचनात्मक चिंतन के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है? मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, जीन पियाजे (Jean Piaget) के 'संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत' (Theory of Cognitive Development) के अंतर्गत 'पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था' (Preoperational Stage: 2-7 वर्ष) में बालकों द्वारा प्रदर्शित 'जीववाद' (Animism) और 'अहंप्रभाव' (Egocentrism) की संकल्पनाओं के वास्तविक मनोवैज्ञानिक और विकासात्मक स्वरूप के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सबसे अधिक सटीक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है? मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, इवान पावलोव (Ivan Pavlov) के 'शास्त्रीय अनुबंधन सिद्धांत' (Classical Conditioning Theory) के अंतर्गत प्रतिपादित एक अत्यंत महत्वपूर्ण और केंद्रीय मनोवैज्ञानिक अवधारणा—**'विलोपन' (Extinction)**—जिसे तब घटित होने वाली प्रक्रिया के रूप में परिभाषित किया जाता है जब अनुबंधित उद्दीपक (CS - Conditioned Stimulus जैसे घंटी) को बार-बार बिना अननुबंधित उद्दीपक (UCS - Unconditioned Stimulus जैसे भोजन) के प्रस्तुत किया जाता है, जिसके परिणामस्वरूप अनुबंधित अनुक्रिया (CR - Conditioned Response जैसे लार आना) धीरे-धीरे कमजोर होकर अंततः समाप्त हो जाती है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के अवांछित व्यवहारों के संशोधन, अव्यवस्थित आदतों के परिष्करण और अनुकूलित प्रतिक्रियाओं के वैज्ञानिक नियंत्रण के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है? मध्य प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET) और बाल विकास के विशेष संदर्भ में, जॉन डीवी (John Dewey) और विलियम किलपैट्रिक (William Kilpatrick) द्वारा प्रतिपादित 'प्रोजेक्ट प्रणाली' (Project Method) अथवा 'अनुभवात्मक शिक्षा' (Experiential Education) के अंतर्गत प्रतिपादित 'सामाजिक पर्यावरण में उद्देश्यपूर्ण गतिविधि' (Purposeful Activity in a Social Environment) की अवधारणा—जिसके तहत शिक्षार्थी वास्तविक जीवन की किसी जटिल समस्या का समाधान करने के लिए सहयोगात्मक रूप से सामाजिक और प्रायोगिक परिवेश में ज्ञान का निर्माण करते हैं—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के सहयोगात्मक अधिगम, व्यावहारिक कौशल, और समस्या-समाधान क्षमता के वैज्ञानिक प्रबंधन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.