BaalVikas
Menu

त्वरित लिंक्स

UPTET
1 views

उत्तर प्रदेश के वन्यजीव संरक्षण और भौगोलिक संरचना के संदर्भ में, निम्नलिखित में से कौन सा वन्यजीव विहार (Wildlife Sanctuary) अपने स्थापना वर्ष और संबंधित जनपद के साथ सबसे कम सुमेलित (गलत) है?

Detailed Explanation

रानीपुर वन्यजीव विहार (Ranipur Wildlife Sanctuary) की स्थापना वर्ष 1977 में की गई थी, परंतु यह मुख्य रूप से चित्रकूट और बांदा जिलों की सीमा पर स्थित है। हालांकि बांदा-चित्रकूट इसका सामान्य क्षेत्र है, लेकिन उत्तर प्रदेश के अन्य वन्यजीव विहारों जैसे कछुआ वन्यजीव विहार (वाराणसी, 1989) या महावीर स्वामी वन्यजीव विहार (ललितपुर, 1977 - जो सबसे छोटा वन्यजीव विहार है) के संदर्भ में विकल्पों का यह समुच्चय सटीक है। दिए गए विकल्पों में चंद्रप्रभा (1957, चंदौली - राज्य का पहला वन्यजीव विहार), किशनपुर (1972, लखीमपुर खीरी), और हस्तिनापुर (1986, सबसे बड़ा वन्यजीव विहार) बिल्कुल सही सुमेलित हैं। रानीपुर वन्यजीव विहार उत्तर प्रदेश का चौथा बाघ अभयारण्य (Tiger Reserve) भी घोषित किया गया है।
Share:

Related Questions

उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भू-गर्भीय विभाजन के अंतर्गत 'दक्षिण का पठारी क्षेत्र' (Southern Plateau Region) और उसके ढाल, प्रमुख चट्टानों तथा नदियों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. दक्षिण का पठारी क्षेत्र प्रायद्वीपीय भारत के पठार का ही उत्तरी विस्तार है, जिसके अंतर्गत बुंदेलखंड और बघेलखंड के पठारी भाग आते हैं, और यह क्षेत्र प्राचीन प्री-कैंब्रियन कल्प की नीस (Gneiss) एवं ग्रेनाइट चट्टानों से निर्मित है। 2. इस पठारी क्षेत्र की सामान्य ढाल दक्षिण से उत्तर की ओर है, यही कारण है कि इस क्षेत्र की अधिकांश नदियाँ (जैसे चंबल, बेतवा, केन और सोन) दक्षिण या दक्षिण-पूर्व दिशा से निकलकर उत्तर की ओर प्रवाहित होते हुए गंगा या यमुना नदी में मिलती हैं। 3. विंध्य पर्वतीय श्रेणी से लगे होने के कारण इस क्षेत्र में बालुका पत्थर (Sandstone), चूना पत्थर (Limestone) और डायमंड (हीरा) जैसे खनिज प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं, जबकि यहाँ की मुख्य फसल धान और जूट है क्योंकि यहाँ जलोढ़ मिट्टी की अत्यधिक मोटाई पाई जाती है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं? उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भूगर्भीय विभाजन के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. उत्तर प्रदेश का 'भावर' क्षेत्र शिवालिक पहाड़ियों के ठीक दक्षिण में पश्चिम से पूर्व की ओर एक संकरी पट्टी के रूप में फैला है, जहाँ नदियाँ कंकड़-पत्थर और मोटे रेत के निक्षेपों के नीचे विलुप्त हो जाती हैं और धरातल पर प्रवाहित नहीं होती हैं। 2. 'तराई' क्षेत्र भावर के ठीक दक्षिण में स्थित एक नम एवं दलदली प्रदेश है, जहाँ विलुप्त हुई नदियाँ पुनः धरातल पर प्रकट होती हैं, और यह क्षेत्र प्रचुर वर्षा तथा सघन वनों के कारण गन्ने और धान की कृषि के लिए अत्यधिक उपयुक्त है। 3. उत्तर प्रदेश के दक्षिणी पठारी क्षेत्र (बुंदेलखंड और विंध्य क्षेत्र) की मृदा में नाइट्रोजन, फास्फोरस और ह्यूमस की प्रचुरता पाई जाती है, जिसके कारण यह क्षेत्र राज्य का सर्वाधिक रासायनिक उर्वरक-मुक्त कृषि उत्पादन क्षेत्र माना जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं? उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'विकास के आयामों और उनके अंतर्संबंधों' के संदर्भ में, जीन पियाजे (Jean Piaget) के 'संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत' के अंतर्गत चार प्रमुख अवस्थाओं—'संवेदी-गामक अवस्था' (Sensorimotor Stage), 'पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था' (Pre-operational Stage), 'मूर्त-संक्रियात्मक अवस्था' (Concrete Operational Stage), और 'औपचारिक-संक्रियात्मक अवस्था' (Formal Operational Stage)—के वैज्ञानिक स्वरूप, तथा सिगमंड फ्रायड (Sigmund Freud) द्वारा प्रतिपादित 'मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत' (Psychosexual Development Theory) की पाँच अवस्थाओं—'मौखिक' (Oral), 'गुदा' (Anal), 'लैंगिक' (Phallic), 'सुषुप्ति' (Latency), और 'जननांग' (Genital)—के पारस्परिक अंतर्संबंधों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है? उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'अधिगम पठार' (Plateaus of Learning) के संदर्भ में, सीखने की प्रक्रिया के दौरान उत्पन्न होने वाले इस अवरोध के संबंध में मनोवैज्ञानिक परिभाषाओं और कारणों के आधार पर निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है? जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के अनुसार, निम्नलिखित में से कौन सी विशेषता 'मूर्त संक्रियात्मक अवस्था' (Concrete Operational Stage) की एक अनिवार्य और मुख्य खूबी को दर्शाती है?
Log in to add to quiz, bookmark, or report issues.