जीन पियाजे
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जीन पियाजे (Jean Piaget) के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के अनुसार, निम्नलिखित में से कौन सी अवस्था 'अमूर्त चिंतन' (Abstract Thinking), 'परिकल्पनात्मक-निगमनात्मक तर्क' (Hypothetico-Deductive Reasoning) और 'व्यवस्थित समस्या समाधान' की क्षमता के विकास को सबसे सटीक रूप से प्रदर्शित करती है?
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Detailed Explanation
जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के अनुसार, औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था (Formal Operational Stage) लगभग 11 वर्ष से वयस्कता तक चलती है। इस अवस्था की मुख्य विशेषता अमूर्त चिंतन, परिकल्पनात्मक-निगमनात्मक तर्क (Hypothetico-Deductive Reasoning), और तार्किक रूप से जटिल समस्याओं का व्यवस्थित समाधान खोजना है। इस चरण में बालक केवल प्रत्यक्ष या मूर्त वस्तुओं पर ही विचार नहीं करते, बल्कि वे संभावित परिणामों और अप्रत्यक्ष विचारों पर भी वैचारिक कार्य करने में सक्षम हो जाते हैं।
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