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UPTET — Free MCQ Questions & Mock Test
Clear filterउत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के प्राथमिक और उच्च प्राथमिक स्तर की तैयारी के लिए यह विशेष शिक्षण अनुभाग है। इस पेज पर आप बाल विकास, शिक्षण विधियों, हिंदी व्याकरण और अन्य अनिवार्य विषयों के मानक प्रश्नों का अभ्यास कर सकते हैं, जो नवीनतम परीक्षा पैटर्न पर आधारित हैं।
🎯 245 Mock Tests Khelein
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जीन पियाजे (Jean Piaget) के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के संदर्भ में, 'औपचारिक संक्रियात्मक अवस्था' (Formal Operational Stage: लगभग 11 वर्ष से वयस्कता तक) की निम्नलिखित प्रमुख विशेषताओं पर विचार कीजिए: 1. इस अवस्था में बालकों में 'अमूर्त चिंतन' (Abstract Thinking) की क्षमता पूरी तरह विकसित हो जाती है, जिससे वे बिना किसी दृश्य या मूर्त सामग्री के केवल प्रतीकों, विचारों और परिकल्पनाओं के आधार पर समस्याओं को हल कर सकते हैं। 2. बालक 'परिकल्पनात्मक-निगमनात्मक तर्क' (Hypothetico-Deductive Reasoning) करने में सक्षम हो जाते हैं, जिसका अर्थ है कि वे किसी समस्या के समाधान के लिए पहले विभिन्न परिकल्पनाएं (Hypotheses) बनाते हैं और फिर तार्किक रूप से उनका परीक्षण करके सही निष्कर्ष पर पहुंचते हैं। 3. इस चरण के दौरान बालकों की सोच से 'अहमकेंद्रिता' (Egocentrism) पूरी तरह समाप्त हो जाती है और वे वैज्ञानिक पद्धति की तरह व्यवस्थित और तार्किक ढंग से सोचना शुरू कर देते हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भू-गर्भीय विभाजन के अंतर्गत 'मैदानी क्षेत्र' (Plain Region) या 'गंगा-यमुना का मैदान' की विशेषताओं के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. उत्तर प्रदेश का मैदानी भाग मूल रूप से गंगा, यमुना और उनकी सहायक नदियों द्वारा लाई गई जलोढ़ (Alluvial) मिट्टी के निक्षेपण से निर्मित है, जिसे धरातलीय स्थिति और आयु के आधार पर 'बांगर' (पुराने जलोढ़ मैदान) और 'खादर' (नए जलोढ़ मैदान) में विभाजित किया जाता है। 2. 'खादर' क्षेत्र को बाढ़ का मैदान भी कहा जाता है, जहाँ हर वर्ष बाढ़ के दौरान नई मिट्टी की परत जम जाती है, जिसके कारण यह क्षेत्र बांगर की तुलना में अधिक उपजाऊ होता है और यहाँ गहन कृषि की जाती है। 3. राज्य के इस मैदानी क्षेत्र का ढाल उत्तर-पश्चिम से दक्षिण-पूर्व की ओर है, जिसके कारण यहाँ की मुख्य नदियाँ (जैसे गंगा और यमुना) उत्तर-पश्चिम से निकलकर दक्षिण-पूर्व दिशा की ओर प्रवाहित होती हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भू-गर्भीय विभाजन तथा पठारी क्षेत्र के अंतर्गत 'बुंदेलखंड पठार' की विशेषताओं और उसकी मृदा संरचना के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. बुंदेलखंड का पठारी क्षेत्र उत्तर प्रदेश के दक्षिणी भाग में यमुना नदी के दक्षिण में स्थित है, जिसके अंतर्गत झाँसी, महोबा, हमीरपुर, ललितपुर, बांदा और चित्रकूट के कुछ भाग आते हैं, और यह प्राचीन प्री-कैंब्रियन काल की गनीस (Gneiss) और ग्रेनाइट चट्टानों से निर्मित है। 2. इस क्षेत्र की प्रमुख नदियों में बेतवा, केन, धसान और चंबल शामिल हैं, जो उत्तर की ओर बहते हुए यमुना नदी में मिलती हैं और अपने प्रवाह मार्ग में गहरी खड्डों (Ravines) एवं बीहड़ों का निर्माण करती हैं। 3. इस क्षेत्र की मृदा में लाल मृदा के अंतर्गत 'मार', 'काबर', 'परवा' और 'मरुआ' जैसी स्थानीय किस्में पाई जाती हैं, जिनमें कैल्शियम कार्बोनेट की अधिकता होती है और जल धारण क्षमता अत्यंत उच्च होने के कारण यह क्षेत्र उत्तर प्रदेश में धान और गेहूँ का सबसे अधिक उत्पादन करने वाला बेल्ट माना जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भू-गर्भीय विभाजन के अंतर्गत 'तराई क्षेत्र' (Tarai Region) की विशेषताओं और उसकी पारिस्थितिक स्थिति के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. तराई क्षेत्र भाबर पेटी के ठीक दक्षिण में स्थित एक संकीर्ण और नम (Marshy) पट्टी है, जहाँ महीन जलोढ़ (कंकड़-पत्थर के स्थान पर महीन सिल्ट और चिकनी मिट्टी) का निक्षेप होता है और भाबर क्षेत्र में विलुप्त हुई छोटी नदियाँ पुनः धरातल पर प्रकट होकर दलदली भूमि का निर्माण करती हैं। 2. इस क्षेत्र की जलवायु अत्यधिक नम, उष्ण और स्वास्थ्य के लिए अपेक्षाकृत कम अनुकूल मानी जाती थी, किंतु भूमि सुधार और वनों की कटाई के कारण अब इस क्षेत्र में गन्ने, धान और जूट की बंपर कृषि की जाती है। 3. उत्तर प्रदेश के तराई क्षेत्र में प्राकृतिक वनस्पतियों के अंतर्गत लंबे हाथी घास (Elephant Grass) और घने जंगल पाए जाते हैं, और यह क्षेत्र दुधवा राष्ट्रीय उद्यान (लखीमपुर खीरी) जैसे महत्वपूर्ण वन्यजीव संरक्षण क्षेत्रों का हिस्सा है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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जीन पियाजे (Jean Piaget) के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के अंतर्गत, 'संवेदी-गामक अवस्था' (Sensorimotor Stage: जन्म से लगभग 2 वर्ष) की निम्नलिखित प्रमुख विशेषताओं पर विचार कीजिए: 1. इस अवस्था में शिशु अपनी ज्ञानेंद्रियों (Senses) और शारीरिक गतिविधियों (Motor Actions) के माध्यम से संसार का अन्वेषण करता है और वस्तुओं को केवल प्रत्यक्ष रूप से अनुभव करता है। 2. इस चरण की सबसे महत्वपूर्ण उपलब्धि 'वस्तु स्थायित्व' (Object Permanence) का विकास है, जिसके तहत बालक यह समझने लगता है कि वस्तुएं तब भी अस्तित्व में रहती हैं जब वे उसकी दृष्टि से ओझल हो जाती हैं। 3. इस अवस्था के दौरान बालक में 'प्रतीकात्मक चिंतन' (Symbolic Thought) और भाषा के प्रयोग की पूर्ण क्षमता विकसित हो जाती है, जिससे वह अपने विचारों को शब्दों और संकेतों के माध्यम से व्यक्त करने में सक्षम हो जाता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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लॉरेंस कोहलबर्ग (Lawrence Kohlberg) के नैतिक विकास के सिद्धांत (Moral Development Theory) के संदर्भ में, 'उत्तर-रूढ़िगत नैतिकता' (Post-Conventional Morality) के अंतर्गत आने वाले दोनों चरणों (सामाजिक अनुबंध अभिविन्यास और सार्वभौमिक नैतिक सिद्धांत अभिविन्यास) की निम्नलिखित प्रमुख विशेषताओं पर विचार कीजिए: 1. सामाजिक अनुबंध अभिविन्यास (Social Contract Orientation) के चरण में व्यक्ति यह मानता है कि नियम और कानून समाज के कल्याण के लिए एक 'सामाजिक समझौते' के रूप में बनाए गए हैं, इसलिए यदि कोई कानून समाज के अधिकांश लोगों के अधिकारों या हितों की रक्षा करने में असफल रहता है, तो उसमें लोकतांत्रिक तरीके से बदलाव किया जाना चाहिए। 2. सार्वभौमिक नैतिक सिद्धांत अभिविन्यास (Universal Ethical Principles Orientation) के चरण में व्यक्ति बाहरी नियमों, कानूनों या सामाजिक दबावों से परे जाकर अपने अंतःकरण (Conscience) के स्व-चयनित नैतिक सिद्धांतों के आधार पर निर्णय लेता है, भले ही वे नियम न्याय, मानवाधिकार और समानता के नाम पर कानून के विरुद्ध ही क्यों न हों। 3. इस उच्चतर स्तर पर पहुँचने वाले बालक या वयस्क का मुख्य नैतिक दृष्टिकोण पूरी तरह से 'कानून और व्यवस्था बनाए रखने' तथा 'समाज द्वारा स्वीकृति प्राप्त करने' पर केंद्रित होता है, ताकि वह समाज में एक 'अच्छा लड़का या अच्छी लड़की' की छवि बना सके। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भू-गर्भीय विभाजन तथा इसकी प्रशासनिक व्यवस्था के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. उत्तर प्रदेश का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल भारत के कुल क्षेत्रफल का लगभग 7.33% है, और क्षेत्रफल की दृष्टि से यह देश का चौथा (राजस्थान, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र के बाद) सबसे बड़ा राज्य है। 2. उत्तर प्रदेश की सीमाएं कुल 8 राज्यों और 1 केंद्र शासित प्रदेश (दिल्ली) से लगती हैं, तथा इसका सबसे पूर्वी जिला बलिया और सबसे पश्चिमी जिला शामली है। 3. राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) के अंतर्गत उत्तर प्रदेश के कुल 8 जिले शामिल हैं (मेरठ, गाजियाबाद, गौतम बुद्ध नगर, बुलंदशहर, हापुड़, बागपत, मुजफ्फरनगर और शामली), और सहारनपुर जिला उत्तर प्रदेश का सबसे उत्तरी जिला है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश के प्रशासनिक और राजनीतिक ढांचे के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. उत्तर प्रदेश में विधानमंडल द्विसदनात्मक (Bicameral) है, जिसके अंतर्गत विधानसभा (लगातार बढ़ने वाले सदस्यों के साथ वर्तमान में 403 निर्वाचित सीटें) और विधान परिषद (Legislative Council) दोनों हैं, और विधान परिषद में कुल 100 सदस्य होते हैं। 2. राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) के अंतर्गत उत्तर प्रदेश के कुल 8 जिले शामिल हैं, और इस क्षेत्र में नवीनतम रूप से शामिल होने वाला जिला शामली है, जबकि सबसे पूर्वी जिला बलिया है। 3. उत्तर प्रदेश राज्य से लोकसभा के लिए कुल 80 सदस्य और राज्यसभा के लिए 31 सदस्य निर्वाचित होते हैं, जो देश के किसी भी राज्य की तुलना में सबसे अधिक हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश के भौगोलिक एवं भू-गर्भीय विभाजन के अंतर्गत 'भाबर क्षेत्र' (Bhabar Region) की विशेषताओं के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. भाबर क्षेत्र हिमालय के गिरिपद (Foot Hills) में शिवालिक श्रेणी के ठीक दक्षिण में एक संकीर्ण (लगभग 8 से 16 किमी चौड़ी) पेटी के रूप में सहारनपुर से लेकर कुशीनगर तक पश्चिम से पूर्व फैला हुआ है। 2. इस क्षेत्र में नदियाँ ऊंचे पर्वतीय क्षेत्रों से उतरते समय अपने साथ भारी मात्रा में बड़े-बड़े बोल्डर, कंकड़ और पत्थर बहाकर लाती हैं और उन्हें यहाँ निक्षेप कर देती हैं, जिसके परिणामस्वरूप इस अत्यधिक पारगम्य (Permeable) क्षेत्र में अधिकांश छोटी नदियाँ धरातल के नीचे विलुप्त (गायब) होकर प्रवाहित होती हैं। 3. अत्यधिक पथरीली और कंकड़-पत्थर युक्त मृदा होने के कारण भाबर क्षेत्र कृषि के लिए अत्यधिक उपयुक्त माना जाता है, जहाँ गेحूँ और गन्ने की सघन खेती की जाती है, जबकि यहाँ बड़े पैमाने पर सघन वन भी पाए जाते हैं। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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