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बाल विकास एवं शिक्षाशास्त्र के संदर्भ में, अल्बर्ट बंडूरा (Albert Bandura) के 'सामाजिक अधिगम सिद्धांत' (Social Learning Theory) के अंतर्गत प्रेक्षणात्मक अधिगम (Observational Learning) की प्रक्रिया में शामिल चार क्रमिक चरणों का सही क्रम निम्नलिखित में से कौन सा है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
अल्बर्ट बंडूरा के सामाजिक अधिगम सिद्धांत (या सामाजिक संज्ञानात्मक सिद्धांत) के अनुसार, प्रेक्षणात्मक अधिगम या मॉडलिंग की प्रक्रिया मुख्य रूप से चार अंतर्संबंधित चरणों या घटकों से होकर गुजरती है: 1. अवधान (Attention): किसी मॉडल के व्यवहार को सीखने के लिए पहले उस पर ध्यान देना आवश्यक है। 2. धारणा या स्मरण (Retention): देखी गई क्रिया या व्यवहार को मस्तिष्क में लंबे समय तक प्रतीकों या छवियों के रूप में संग्रहित करना। 3. पुनरुत्पादन या मोटर पुनरुत्पादकता (Reproduction): संग्रहित जानकारी या स्मृति को वास्तविक शारीरिक व्यवहार में बदलना। 4. अभिप्रेरण या पुनर्बलन (Motivation/Reinforcement): व्यवहार को दोहराने के लिए आंतरिक या बाह्य प्रोत्साहन या प्रेरणा की आवश्यकता होती है। अतः सही क्रम 'अवधान -> धारणा -> पुनरुत्पादन -> अभिप्रेरण' है।
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'सृजनात्मकता (Creativity)' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, जोसफ गिल्फोर्ड (J.P. Guilford) द्वारा प्रतिपादित 'अपसारी चिंतन (Divergent Thinking)' के घटकों — प्रवाहशीलता (Fluency), लचीलापन (Flexibility), मौलिकता (Originality), और विस्तारण (Elaboration) — के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'डोसोलैटरल प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (DLPFC), 'डिफ़ॉल्ट मोड नेटवर्क' (Default Mode Network - DMN), और 'सेरिएटर सैलियंस नेटवर्क' (Salience Network) के बीच वैचारिक लचीलेपन (Ideational Flexibility), डिफ़ॉल्ट और कार्यकारी प्रणालियों के बीच गतिशील युग्मन (Dynamic Coupling), और नवीनता उत्पादन की सक्रियण गतिकी, तथा एलिस पॉल टॉरेन्स (E. Paul Torrance) के 'टॉरेन्स टेस्ट्स ऑफ़ क्रिएटिव थिंकिंग' (TTCT) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, क्रिएटिविटी-ड्रिवेन कंस्ट्रक्टिविस्ट पेडागोजी (Creativity-Driven Constructive Pedagogy) और विद्यार्थियों में अपरंपरागत समस्या-समाधान, अभिनव विचार निर्माण व समग्र बौद्धिक लचीलेपन के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बाल विकास एवं शिक्षण विधियाँ' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, जीन पियाजे (Jean Piaget) द्वारा प्रतिपादित 'संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत' (Cognitive Development Theory: संवेदी-गामी, पूर्व-संक्रियात्मक, मूर्त संक्रियात्मक और औपचारिक संक्रियात्मक चरण) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Prefrontal Cortex), 'पैरिएटल लोब' (Parietal Lobe), और 'हिप्पोकैम्पस' (Hippocampus) के बीच स्कीमा निर्माण (Schema Formation), मानसिक संतुलन (Equilibration), और अमूर्त तार्किक प्रसंस्करण की सक्रियण गतिकी, तथा डेविड कोलब (David Kolb) के 'अनुभवात्मक अधिगम चक्र' (Experiential Learning Cycle: मूर्त अनुभव, चिंतनशील अवलोकन, अमूर्त अवधारणा और सक्रिय प्रयोग) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-कॉग्निटिव ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Cognitive Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में संज्ञानात्मक लचीलेपन, समस्या-समाधान व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश के वन्यजीव संरक्षण, पक्षी विहारों और संरक्षित क्षेत्रों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश का सबसे नया (नवीनतम) वन्यजीव विहार 'कछुआ वन्यजीव विहार' है, जो वाराणसी जिले में गंगा नदी के तट पर स्थित है और इसकी स्थापना मुख्य रूप से मीठे पानी के जलीय जीवों तथा कछुओं के संरक्षण के लिए की गई है।
2. 'बखिरा पक्षी विहार' उत्तर प्रदेश के संत कबीर नगर जिले में स्थित है, जबकि 'लाहौर पक्षी विहार' कन्नौज जिले में स्थित है और इसे अब आधिकारिक रूप से 'दीक्षित पक्षी विहार' के नाम से जाना जाता है।
3. उत्तर प्रदेश का प्रथम टाइगर रिजर्व 'दुधवा राष्ट्रीय उद्यान' है, लेकिन क्षेत्रफल की दृष्टि से राज्य का सबसे बड़ा टाइगर रिजर्व 'अमनगढ़ टाइगर रिजर्व' है जो बिजनौर जिले में फैला हुआ है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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हिंदी भाषा शिक्षण एवं व्याकरण के अंतर्गत 'पदबंध' (Phrase) और इसके प्रमुख भेदों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. पदबंध दो या दो से अधिक पदों का वह समूह है जो एक पद (शब्द) की तरह काम करता है और एक निश्चित अर्थ को प्रकट करता है, लेकिन इसका अपना कोई स्वतंत्र पूरा वाक्य या पूर्ण उद्देश्य-विधेयक का ढांचा नहीं होता है।
2. कार्य या प्रयोग के आधार पर पदबंध के मुख्य रूप से पाँच भेद माने जाते हैं— संज्ञा पदबंध, सर्वनाम पदबंध, विशेषण पदबंध, क्रिया पदबंध और क्रियाविशेषण पदबंध।
3. 'शेर की तरह दहाड़ने वाला वह सिपाही मैदान में डटा रहा' इस वाक्य में रेखांकित या प्रमुख पदबंध 'सर्वनाम पदबंध' का एक सटीक उदाहरण है, क्योंकि यह वाक्य में सर्वनाम की विशेषता को प्रकट करता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/से हैं?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बुद्धि के द्विकारक सिद्धांत' (Two-Factor Theory of Intelligence) के संदर्भ में, मनोवैज्ञानिक चार्ल्स स्पीयरमैन (Charles Spearman) द्वारा 1904 में प्रतिपादित इस सिद्धांत के अनुसार, मानसिक कार्यों में 'सामान्य कारक' (g-factor) के साथ-साथ प्रत्येक विशिष्ट मानसिक गतिविधि के लिए एक 'विशिष्ट कारक' (s-factor) उत्तरदायी होता है। स्पीयरमैन ने अपने इस सिद्धांत को प्रमाणित करने और बौद्धिक योग्यताओं के विश्लेषण के लिए सांख्यिकी के क्षेत्र में निम्नलिखित में से किस प्रसिद्ध क्रांतिकारी विधि या तकनीक का पहली बार विकास और प्रतिपादन किया था?
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