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जीन पियाजे
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बच्चों के भाषा विकास और संज्ञानात्मक विकास के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. जीन पियाजे (Jean Piaget) के अनुसार भाषा का विकास मुख्य रूप से संज्ञानात्मक विकास का उपोत्पाद (By-product) है, और बच्चों में देखा जाने वाला 'अहंकेन्द्रित वाक्' (Egocentric Speech) उनकी संज्ञानात्मक अपरिपक्वता को दर्शाता है जो दूसरों के दृष्टिकोण को समझने में असमर्थता का प्रतीक है।
  2. 2. लेव वाइगोत्स्की (Lev Vygotsky) के अनुसार भाषा और विचार शुरुआती जीवन में दो स्वतंत्र और अलग स्रोत से उत्पन्न होते हैं, लेकिन लगभग दो वर्ष की आयु के बाद वे आपस में मिलकर 'मौखिक सोच' (Verbal Thought) का निर्माण करते हैं, और उनका 'व्यक्तिगत वाक्' (Private Speech) बच्चों को स्व-विनियमन (Self-regulation) में मदद करता है।
  3. 3. नोम चोमस्की (Noam Chomsky) के 'भाषा अर्जन उपकरण' (Language Acquisition Device - LAD) सिद्धांत के अनुसार, बच्चों में भाषा सीखने की क्षमता एक सामाजिक अनुबंधन का परिणाम है, न कि कोई जन्मजात या जैविक विशेषता।

उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सही है: जीन पियाजे के अनुसार विचार पहले विकसित होते हैं और भाषा संज्ञानात्मक विकास का परिणाम मात्र है। उनके अनुसार 'अहंकेन्द्रित वाक्' बच्चे की दूसरे के दृष्टिकोण को समझने की असमर्थता व अपरिपक्वता को दर्शाता है। कथन 2 सही है: वाइगोत्स्की के अनुसार शुरुआत में भाषा और विचार अलग-अलग होते हैं, जो लगभग 2 वर्ष की आयु में मिलकर मौखिक सोच बनाते हैं। 'व्यक्तिगत वाक्' बच्चे को अपने कार्यों को निर्देशित करने (स्व-विनियमन) में सहायता करता है। कथन 3 गलत है: नोम चोमस्की का 'LAD' सिद्धांत यह मानता है कि भाषा सीखने की क्षमता बच्चों में जन्मजात और जैविक रूप से होती है, न कि यह केवल सामाजिक अनुबंधन का परिणाम है।
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→ बच्चों के भाषा विकास और संज्ञानात्मक विकास के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. लेव वाइगोत्स्की (Lev Vygotsky) के अनुसार भाषा और विचार शुरुआत में जीवन के शुरुआती वर्षों में दो स्वतंत्र और अलग स्रोतों से उत्पन्न होते हैं, लेकिन लगभग दो वर्ष की आयु के बाद वे आपस में मिलकर 'मौखिक सोच' (Verbal Thought) का निर्माण करते हैं। 2. जीन पियाजे (Jean Piaget) के अनुसार भाषा का विकास मुख्य रूप से संज्ञानात्मक विकास का परिणाम है और बच्चों में देखा जाने वाला 'अहंकेन्द्रित वाक्' (Egocentric Speech) उनकी संज्ञानात्मक अपरिपक्वता को दर्शाता है, जो आयु बढ़ने के साथ स्वतः लुप्त हो जाता है। 3. नोम चोमस्की (Noam Chomsky) के 'भाषा अर्जन उपकरण' (Language Acquisition Device - LAD) सिद्धांत के अनुसार, बच्चों में भाषा सीखने की क्षमता पूरी तरह से उनके सामाजिक परिवेश और वयस्कों के साथ की गई अनुदेशात्मक अंतःक्रिया पर निर्भर करती है, न कि किसी जन्मजात जैविक संरचना पर। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं? → 'भाषा विकास और साइकोलिंग्विस्टिक्स के न्यूरो-संज्ञानात्मक सिद्धांतों' के संदर्भ में, नोम चॉम्स्की (Noam Chomsky) द्वारा प्रतिपादित 'भाषा अर्जन युन्त्र' (Language Acquisition Device - LAD) और 'सार्वभौमिक व्याकरण' (Universal Grammar) की अवधारणा के न्यूरो-संज्ञानात्मक स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'ब्रोका क्षेत्र' (Broca's Area) और 'वेर्निके क्षेत्र' (Wernicke's Area) की व्याकरणिक प्रसंस्करण तथा अर्थबोध संबंधी सक्रियण गतिकी, तथा जीन पियाजे (Jean Piaget) और लेव वाइगोत्स्की (Lev Vygotsky) के भाषा और विचार के विकास संबंधी दृष्टिकोणों के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, बहुभाषी संवर्धन और विद्यार्थियों में संप्रेषण दक्षता के विकास में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है? 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