विकास के सिद्धांत (Principles)
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लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत की आलोचना करते हुए प्रसिद्ध मनोवैज्ञानिक कैरल गिलिगन (Carol Gilligan) ने यह तर्क दिया कि कोहलबर्ग का मॉडल मुख्य रूप से न्याय के दृष्टिकोण (Justice Perspective) पर आधारित है और यह महिलाओं के नैतिक विकास में निहित किस अन्य महत्वपूर्ण दृष्टिकोण की उपेक्षा करता है?
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Detailed Explanation
कैरल गिलिगन ने लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत की यह कहकर आलोचना की थी कि उनके शोध प्रतिदर्श में मुख्य रूप से पुरुषों को शामिल किया गया था, जिसके कारण कोहलबर्ग का मॉडल न्याय (Justice) और नियमों पर अत्यधिक जोर देता है। गिलिगन के अनुसार, महिलाओं और बालिकाओं का नैतिक विकास अक्सर 'देखभाल और संबंधों के दृष्टिकोण' (Care Perspective) पर केंद्रित होता है, जो पारस्परिक सहानुभूति और उत्तरदायित्व को प्राथमिकता देता है। इस विषय पर अधिक जानने के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
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बाल विकास के अध्ययन में 'विकास के सिद्धांतों' (Principles of Development) के…
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लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत की आलोचना करते हुए मनोवैज्ञानिक कैरल गिलिगन (Carol Gilligan) ने यह तर्क दिया कि कोहलबर्ग का प्रतिमान पुरुषों के न्याय-उन्मुख (Justice-oriented) दृष्टिकोण पर अत्यधिक केंद्रित है, जबकि महिलाओं का नैतिक विकास 'देखभाल और जिम्मेदारी' (Care and Responsibility) के संदर्भात्मक और संबंधात्मक दृष्टिकोण पर आधारित होता है। गिलिगन के इस नारीवादी और विकासात्मक परिप्रेक्ष्य के अनुसार, महिलाओं के नैतिक तर्क का सर्वोच्च और परिपक्वतम स्तर कोहलबर्ग के किस स्तर या वैचारिक प्रतिमान से सीधे तौर पर भिन्नता रखता है?
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लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Moral Development Theory) के अंतर्गत 'उत्तर-पारंपरिक स्तर' (Post-Conventional Level) के द्वितीय चरण—'विवेक और सार्वभौमिक नैतिक सिद्धांत अभिविन्यास' (Universal Ethical Principles Orientation)—की दार्शनिक और तात्विक गहराई का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, इस चरण में व्यक्ति के नैतिक निर्णय और न्याय की अवधारणा के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है?
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लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Theory of Moral Development) के अनुसार, पारंपरिक नैतिकता के स्तर (Conventional Level) के अंतर्गत आने वाले चौथे चरण यानी 'कानून और व्यवस्था अभिविन्यास' (Law and Order Orientation) की सबसे प्रमुख और विशिष्ट विशेषता निम्नलिखित में से कौन सी है?
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लॉरेंस कोहलबर्ग (Lawrence Kohlberg) के 'नैतिक विकास के सिद्धांत' (Theory of Moral Development) के अंतर्गत प्रतिपादित 'उत्तर-रूढ़िगत नैतिकता' (Post-Conventional Morality) के चरम चरण—अर्थात 'सार्वभौमिक नैतिक अंतःकरण अभिविन्यास' (Universal Ethical Principle Orientation)—की अवधारणा, जिसके तहत व्यक्ति किसी सामाजिक नियम या कानून के अंधे अनुपालन के बजाय अपने स्वयं के अंतःकरण, सार्वभौमिक मानवाधिकारों, न्याय, समानता और मानवीय गरिमा के आंतरिक रूप से चयनित स्व-निर्धारित नैतिक सिद्धांतों के आधार पर सही और गलत का निर्णय करता है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के उच्च-स्तरीय आलोचनात्मक नैतिक चिंतन, लोकतांत्रिक मूल्यों और स्वायत्त निर्णय-निर्माण के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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बाल विकास के अध्ययन में 'समीप-दूरमुखी प्रवृत्ति' (Proximodistal Trend) और 'मस्तकोधोमुखी प्रवृत्ति' (Cephalocaudal Trend) निम्नलिखित में से विकास के किस प्रमुख सिद्धांत के अंतर्गत आते हैं और शारीरिक नियंत्रण के संदर्भ में इनकी वास्तविक अभिव्यक्ति क्या है?
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बाल विकास के सिद्धांतों के संदर्भ में 'वर्तुल या कुंडलिलाकार प्रगति का सिद्धांत' (Principle of Spiral Advancement) निम्नलिखित में से किस महत्वपूर्ण तथ्य को सबसे स्पष्ट रूप से रेखांकित करता है?
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बाल विकास के सिद्धांतों और अधिगम प्रक्रिया के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. बाल विकास की प्रक्रिया निरंतरता के सिद्धांत (Principle of Continuity) का पालन करती है, जिसका अर्थ है कि यह प्रक्रिया गर्भधारण से शुरू होकर मृत्युपर्यंत चलती रहती है और इसमें कभी भी कोई आकस्मिक या अचानक परिवर्तन नहीं होता है।
2. विकास की गति व्यक्तिगत भिन्नताओं (Individual Differences) के कारण सभी बच्चों में एक समान नहीं होती है, लेकिन विकास का प्रतिरूप (Developmental Pattern) सभी सामान्य बच्चों में लगभग एक जैसा ही होता है, जैसे कि मस्तोमुखी क्रम (Cephalocaudal sequence) और निकट-दूर क्रम (Proximodistal sequence)।
3. अधिगम और परिपक्वता (Maturation) एक दूसरे से पूरी तरह स्वतंत्र प्रक्रियाएँ हैं, जहाँ परिपक्वता केवल जैविक और आनुवंशिक कारकों पर निर्भर करती है, और इस पर पर्यावरण, अभ्यास या अधिगम के अनुभवों का कोई प्रभाव नहीं पड़ता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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बाल विकास के दौरान 'मस्तिष्क से नीचे की ओर' (Cephalocaudal Trend) और 'निकट से दूर की ओर' (Proximodistal Trend) के विकास के सिद्धांतों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. सिर से पैर की ओर का विकास नियम यह बताता है कि शारीरिक विकास हमेशा शरीर के ऊपरी हिस्से (यानी सिर और मस्तिष्क) से शुरू होकर नीचे की ओर (पैरों की तरफ) बढ़ता है, जिसके कारण शिशु चलने से पहले अपने सिर और गर्दन पर नियंत्रण स्थापित करना सीखता है।
2. निकट से दूर का विकास नियम यह इंगित करता है कि शारीरिक विकास हमेशा शरीर के केंद्रीय अक्ष (Center of the body) से शुरू होकर परिधि (Periphery) की ओर यानी बाहर की तरफ अग्रसर होता है, जिससे रीढ़ की हड्डी और कंधों का विकास उंगलियों की सूक्ष्म पेशियों से पहले होता है।
3. ये दोनों विकासात्मक प्रवृत्तियाँ केवल शारीरिक और गत्यात्मक (Physical and Motor Development) परिवर्तनों तक ही सीमित हैं, और इनका बालकों के संज्ञानात्मक, भाषा या सामाजिक विकास की गतियों से किसी भी प्रकार का कोई संबंध नहीं होता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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