सिगमंड फ्रायड
Asked 2 महीने पहले · Viewed 3,717 times
सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual Development Theory) के अंतर्गत आने वाले विभिन्न चरणों—विशेषकर 'गुदा अवस्था' (Anal Stage) और 'लैंगिक अवस्था' (Phallic Stage)—तथा रक्षा तंत्रों (Defense Mechanisms) के तात्विक एवं मनोवैज्ञानिक विश्लेषण पर विचार कीजिए। यदि एक व्यक्ति के व्यक्तित्व में अत्यधिक कठोरता, व्यवस्थापन की जिद, कंजूसी और अत्यधिक अनुशासनप्रियता जैसे लक्षण बाल्यावस्था के दौरान फ्रायडियन चरणों में उत्पन्न हुई किसी विशिष्ट समस्या (Fixation) के कारण प्रकट होते हैं, तो फ्रायड के मनोविश्लेषणात्मक सिद्धांत के अनुसार इस स्थिति और संबंधित रक्षा तंत्रों की अंतर्निहित गतिकी के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
सिग्मंड फ्रायड के अनुसार, मनो-लैंगिक विकास के दूसरे चरण यानी 'गुदा अवस्था' (लगभग 18 महीने से 3 वर्ष की आयु) में बच्चे का मुख्य एरोजेनस जोन गुदा क्षेत्र होता है और इस दौरान टॉयलेट ट्रेनिंग मुख्य मनोवैज्ञानिक कार्य होता है। यदि माता-पिता इस दौरान अत्यधिक सख्त होते हैं, तो बालक 'गुदा-अवसादी' (Anal-Retentive) बन जाता है जिसमें अत्यधिक जिद, सफाई पसंद, कंजूसी और नियंत्रण की प्रवृत्ति पाई जाती है। विकिपीडिया संदर्भ
अगला प्रश्न →
सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत के अंतर्गत 'ओडिपस कॉम्प्लेक्स'…
← पिछला प्रश्न
सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual…
Related Questions
→
सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual Development Theory) के अंतर्गत 'फैलक अवस्था' (Phallic Stage, लगभग 3 से 6 वर्ष) की तात्विक, मनोवैज्ञानिक और गतिक संरचना का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, इस अवस्था की सबसे प्रमुख जटिलताओं—'इलेक्ट्रा ग्रंथि' (Electra Complex) और 'ओडिपस ग्रंथि' (Oedipus Complex)—तथा रक्षा तंत्र (Defense Mechanisms) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
→
सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual Development Theory) के संदर्भ में, 'गुदा अवस्था' (Anal Stage, लगभग 1.5 से 3 वर्ष) के दौरान यदि माता-पिता द्वारा बच्चों को शौच-प्रशिक्षण (Toilet Training) अत्यधिक कठोरता या अत्यधिक अनुदारता के साथ दिया जाता है, तो फ्रायड के अनुसार बच्चे के वयस्क व्यक्तित्व में 'गुदा-धारण' (Anal-Retentive) चरित्र का विकास होता है। इस विशिष्ट चरित्र वाले व्यक्तियों में निम्नलिखित में से कौन से मनोवैज्ञानिक लक्षण और व्यवहार सबसे अधिक प्रबल रूप से दिखाई देते हैं?
→
सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual Development Theory) के अंतर्गत 'फैलिस चरण' (Phallic Stage) के दौरान उत्पन्न होने वाली 'ओडिपस ग्रंथि' (Oedipus Complex) और 'इलेक्ट्रा ग्रंथि' (Electra Complex) की गतिकी का गहन विश्लेषण करने पर, इस चरण की मुख्य विकासात्मक विशेषता और बच्चे के मानसिक विकास के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक है?
→
सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual Development Theory) का गहन मनोवैज्ञानिक विश्लेषण करने पर, जब कोई बालक 'फैलिक अवस्था' (Phallic Stage: लगभग 3 से 6 वर्ष) से गुजरता है, तब इस अवस्था में उत्पन्न होने वाली 'ओडिपस ग्रंथि' (Oedipus Complex) और 'इलेक्ट्रा ग्रंथि' (Electra Complex) के समाधान तथा 'अहंकार' (Ego) द्वारा 'पराहम' (Superego) के आंतरिककरण की प्रक्रिया के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक सटीक एवं वैज्ञानिक दृष्टिकोण प्रस्तुत करता है?
→
सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual Development Theory) के विभिन्न चरणों—विशेषकर 'गुदा अवस्था' (Anal Stage) और 'फालिक अवस्था' (Phallic Stage)—तथा व्यक्तित्व की संरचना (इदम, अहम्, और पराहम्) के अंतर्संबंधों का गहन मनोवैज्ञानिक विश्लेषण करने पर, यदि कोई बालक 'फालिक अवस्था' (लगभग 3 से 6 वर्ष की आयु) के दौरान 'ओडिपस कॉम्प्लेक्स' (Oedipus Complex) या 'इलेक्ट्रा कॉम्प्लेक्स' (Electra Complex) से गुजरते हुए अपने माता-पिता के प्रति विशिष्ट संवेदी और तार्किक द्वंद्व का अनुभव करता है, और इस दौरान फ्रायड के अनुसार 'पराहम्' (Superego) का वास्तविक विकास होता है; तो इस विकासात्मक प्रक्रिया और इसके दीर्घकालिक मनोवैज्ञानिक प्रभावों के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
→
सिग्मंड फ्रायड के मनोविश्लेषण सिद्धांत (Psychoanalytic Theory) में व्यक्तित्व की तीन संरचनात्मक प्रणालियों—इदम (Id), अहम् (Ego), और पराहम् (Superego)—तथा उनके द्वारा संचालित होने वाले मनोवैज्ञानिक तंत्रों (जैसे आनंद सिद्धांत, वास्तविकता सिद्धांत, और नैतिक सिद्धांत) का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई व्यक्ति अपनी बुनियादी जैविक आवश्यकताओं और पाशविक प्रवृत्तियों पर पूर्ण नियंत्रण रखते हुए सामाजिक रूप से स्वीकृत और नैतिक मूल्यों के बीच गंभीर आंतरिक संघर्ष का अनुभव करता है, तो इस गतिकी और फ्रायड के डिफेंस मैकेनिज्म (रक्षा तंत्र) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
→
सिग्मंड फ्रायड के मनोविश्लेषण सिद्धांत (Psychoanalytic Theory) के अंतर्गत व्यक्तित्व की संरचना करने वाली तीन मूलभूत प्रणालियों—'इदम' (Id), 'अहम' (Ego), और 'पराअहम' (Superego)—तथा उनके द्वारा संचालित होने वाले मनोवैज्ञानिक तंत्रों का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, यदि कोई व्यक्ति अपनी नैतिक और सामाजिक मान्यताओं के अत्यधिक दबाव के कारण आंतरिक अपराधबोध (Guilt) और अत्यधिक आत्म-आलोचना का शिकार हो जाता है, तो फ्रायड के संरचनात्मक मॉडल के अनुसार इस मानसिक स्थिति और मानसिक संघर्ष के संचालन के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है?
→
सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual Development Theory) के अंतर्गत 'सुप्तावस्था' (Latency Stage) — जो लगभग 6 वर्ष की आयु से यौवनारंभ (Puberty) तक चलती है — की तात्विक और गत्यात्मक विशेषताओं का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, इस अवस्था के दौरान बालकों के मानसिक एवं सामाजिक विकास के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.