मापन, मूल्यांकन एवं परीक्षण: अवधारणा
Asked 2 महीने पहले · Viewed 4,508 times
सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (Continuous and Comprehensive Evaluation - CCE) के अंतर्गत 'निदानात्मक आकलन' (Diagnostic Assessment), 'रचनात्मक आकलन' (Formative Assessment) और 'संकल्नात्मक आकलन' (Summative Assessment) के तात्विक और शैक्षणिक स्वरूप का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन तीनों आकलनों के अंतर्संबंधों और उनके प्रयोजनों को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) में आकलन के विभिन्न रूपों की विशिष्ट भूमिकाएँ होती हैं। निदानात्मक आकलन (Diagnostic Assessment) का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों की अधिगम संबंधी विशिष्ट कठिनाइयों, कमजोरियों और त्रुटियों के मूल कारणों (root causes) की पहचान करना है। रचनात्मक आकलन (Formative Assessment) शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया के दौरान निरंतर रूप से चलता है ताकि विद्यार्थियों की प्रगति की निगरानी की जा सके और अध्यापन में आवश्यक सुधार किए जा सकें। इसके विपरीत, संकल्नात्मक आकलन (Summative Assessment) एक निश्चित शिक्षण अवधि (जैसे सत्र या अर्धवार्षिक) के अंत में विद्यार्थियों की कुल उपलब्धि का मूल्यांकन और प्रमाणन (Certification) करने के लिए किया जाता है। इस विषय की विस्तृत जानकारी के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
अगला प्रश्न →
शैक्षणिक मूल्यांकन (Educational Evaluation) के अंतर्गत 'आकलन' (Assessment) और…
← पिछला प्रश्न
सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) और आकलन (Assessment vs…
Related Questions
→
पर्यावरण अध्ययन (EVS) के शिक्षण अधिगम प्रक्रिया में 'सतत एवं व्यापक मूल्यांकन' (Continuous and Comprehensive Evaluation - CCE) के मुख्य उद्देश्यों और इसकी प्राथमिक स्तर पर क्रियान्वयन की पद्धति के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
→
शैक्षणिक मूल्यांकन (Educational Assessment) के अंतर्गत 'सतत एवं व्यापक मूल्यांकन' (Continuous and Comprehensive Evaluation - CCE) तथा 'आकलन और मूल्यांकन' (Assessment vs Evaluation) के तात्विक, सैद्धांतिक एवं व्यावहारिक स्वरूप का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई विद्यालय केवल सत्र के अंत में योगात्मक परीक्षा (Summative Assessment) आयोजित करने के स्थान पर सत्र के दौरान नियमित रूप से रचनात्मक आकलन (Formative Assessment) को अपनाता है और शिक्षार्थी के संज्ञानात्मक, भावात्मक तथा मनोगतत्मक सभी पक्षों के गुणात्मक एवं मात्रात्मक विकास का निरंतर अभिलेखन करता है, तो इस आधुनिक शैक्षिक मूल्यांकन प्रतिमान के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से सत्य है?
→
सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) प्रणाली के अंतर्गत 'रचनात्मक आकलन' (Formative Assessment) और 'संकल्पात्मक मूल्यांकन' (Summative Assessment) के तात्विक और व्यावहारिक स्वरूप का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों के मध्य पाए जाने वाले प्रमुख अंतर और उनके कक्षागत उद्देश्य को सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से स्पष्ट करता है?
→
शैक्षणिक मूल्यांकन की प्रक्रिया में 'सतत एवं व्यापक मूल्यांकन' (CCE) के अंतर्गत 'रचनात्मक आकलन' (Formative Assessment) और 'संकल्पात्मक मूल्यांकन' (Summative Assessment) के दार्शनिक और व्यावहारिक स्वरूप का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों के मध्य के तात्विक अंतर को सर्वाधिक सटीक रूप से परिभाषित करता है?
→
शैक्षणिक मूल्यांकन की प्रक्रिया में 'मूल्यांकन' (Evaluation) और 'आकलन' (Assessment) की प्रकृति, उनके उद्देश्यों तथा उनके फीडबैक प्रणालियों का गहन तात्विक एवं विश्लेषणात्मक अध्ययन करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों संकल्पनाओं के पदानुक्रमित अंतर और उनके व्यापक दायरे को सर्वाधिक सटीक रूप से परिभाषित करता है?
→
शिक्षा में सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) की संकल्पना का गहन विश्लेषण करने पर, 'आकलन' (Assessment) और 'मूल्यांकन' (Evaluation) के तात्विक और व्यावहारिक स्वरूप के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक है?
→
शैक्षणिक मूल्यांकन की प्रक्रिया में 'अधिगम के लिए आकलन' (Assessment for Learning), 'अधिगम का आकलन' (Assessment of Learning) और 'अधिगम के रूप में आकलन' (Assessment as Learning) के वैचारिक और व्यावहारिक अंतर का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन तात्विक और शैक्षणिक दृष्टि से सर्वाधिक प्रामाणिक है?
→
सतत एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) प्रणाली के अंतर्गत 'रचनात्मक आकलन' (Formative Assessment) और 'संकल्नात्मक मूल्यांकन' (Summative Assessment) के तात्विक, सैद्धांतिक तथा कक्षा-कक्षीय अनुप्रयोगों का गहन विश्लेषण करने पर, यदि एक शिक्षक शिक्षण अधिगम प्रक्रिया के दौरान विद्यार्थियों की त्रुटियों का निरंतर निदान करने, उनकी वैचारिक समझ को उन्नत करने और तदनुरूप अपनी शिक्षण विधियों में लचीलापन लाते हुए तत्काल पृष्ठापोषण (Feedback) प्रदान करता है, जबकि दूसरी ओर सत्र के अंत में एक निश्चित मानक के आधार पर उनके समग्र निष्पादन का गुणात्मक एवं परिणात्मक मूल्य निर्धारण कर ग्रेड प्रदान करता है; तो आकलन और मूल्यांकन के इस अंतरसंबंध के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन वैज्ञानिक रूप से सर्वाधिक प्रामाणिक एवं सत्य है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.