व्यक्तित्व: सिद्धांत एवं प्रकार
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व्यक्तित्व (Personality) के शील-गुण उपागम (Trait Approach) के अंतर्गत गॉर्डन ऑलपोर्ट (Gordon Allport) द्वारा प्रतिपादित शील-गुणों के वर्गीकरण में 'कार्डिनल शील-गुण' (Cardinal Traits), 'केंद्रीय शील-गुण' (Central Traits) और 'द्वितीयक शील-गुण' (Secondary Traits) का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा विकल्प 'कार्डिनल शील-गुण' की सबसे सटीक और तात्विक विशेषता को स्पष्ट करता है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
गॉर्डन ऑलपोर्ट के व्यक्तित्व के शील-गुण सिद्धांत के अनुसार, 'कार्डिनल शील-गुण' (Cardinal Traits) व्यक्ति के व्यक्तित्व का इतना प्रबल और केंद्रीय हिस्सा होते हैं कि व्यक्ति का संपूर्ण जीवन, उसके कार्य, और उसकी सामाजिक पहचान उसी एक गुण के इर्द-गिर्द घूमती है। ऐसे गुण बहुत विरले लोगों में पाए जाते हैं और ये इतने शक्तिशाली होते हैं कि व्यक्ति इन्हें छिपा नहीं सकता। इस सिद्धांत और मनोवैज्ञानिक वर्गीकरण के विस्तृत अध्ययन के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ पर जा सकते हैं।
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व्यक्तित्व (Personality) के निर्धारण में जैविक (Biological) एवं पर्यावरणीय…
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व्यक्तित्व (Personality) के शील-गुण (Trait) और प्रकार…
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सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual Development Theory) के अंतर्गत 'फैलक अवस्था' (Phallic Stage, लगभग 3 से 6 वर्ष) की तात्विक, मनोवैज्ञानिक और गतिक संरचना का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, इस अवस्था की सबसे प्रमुख जटिलताओं—'इलेक्ट्रा ग्रंथि' (Electra Complex) और 'ओडिपस ग्रंथि' (Oedipus Complex)—तथा रक्षा तंत्र (Defense Mechanisms) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
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गॉर्डन ऑलपोर्ट (Gordon Allport) के 'शीलगुण सिद्धांत' (Trait Theory of Personality) के अंतर्गत व्यक्तिगत शीलगुणों के वर्गीकरण—अर्थात 'प्रधान शीलगुण' (Cardinal Traits), 'केंद्रीय शीलगुण' (Central Traits), और 'द्वितीयक शीलगुण' (Secondary Traits)—की तात्विक, मनोवैज्ञानिक और संरचनात्मक गतिकी का सूक्ष्म विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन तीनों शीलगुणों की प्रकृति, व्यापकता और उनके व्यवहारकीय प्रभावों के संदर्भ में सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
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सिग्मंड फ्रायड के मनो-लैंगिक विकास सिद्धांत (Psychosexual Development Theory) के संदर्भ में, 'गुदा अवस्था' (Anal Stage, लगभग 1.5 से 3 वर्ष) के दौरान यदि माता-पिता द्वारा बच्चों को शौच-प्रशिक्षण (Toilet Training) अत्यधिक कठोरता या अत्यधिक अनुदारता के साथ दिया जाता है, तो फ्रायड के अनुसार बच्चे के वयस्क व्यक्तित्व में 'गुदा-धारण' (Anal-Retentive) चरित्र का विकास होता है। इस विशिष्ट चरित्र वाले व्यक्तियों में निम्नलिखित में से कौन से मनोवैज्ञानिक लक्षण और व्यवहार सबसे अधिक प्रबल रूप से दिखाई देते हैं?
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गॉर्डन ऑलपोर्ट (Gordon Allport) के व्यक्तित्व के शील गुण (Trait) सिद्धांत के संदर्भ में, उनके द्वारा वर्गीकृत 'मूलभूत शील गुण' (Cardinal Traits), 'केंद्रीय शील गुण' (Central Traits), और 'द्वितीयक शील गुण' (Secondary Traits) के बीच के पदानुक्रम और मनोवैज्ञानिक विशेषताओं का सबसे सटीक विश्लेषण निम्नलिखित में से कौन सा है?
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कार्ल जुंग (Carl Jung) द्वारा प्रतिपादित व्यक्तित्व के विश्लेषणात्मक मनोविज्ञान (Analytical Psychology) के अंतर्गत 'अंतर्मुखी' (Introvert) और 'बहिर्मुखी' (Extrovert) प्रकारों के अतिरिक्त, उनके द्वारा सुझाए गए मनोवैज्ञानिक कार्यों (Psychological Functions) यथा- चिंतन (Thinking), भावना (Feeling), संवेदना (Sensation), और अंतर्ज्ञान (Intuition) का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई व्यक्ति तार्किक विश्लेषण, वस्तुनिष्ठ तथ्यों और बौद्धिक सिद्धांतों के आधार पर जीवन के निर्णय लेता है, तथा उसकी ऊर्जा मुख्य रूप से उसके आंतरिक विचारों और आंतरिक दुनिया पर केंद्रित होती है, तो जुंग के वर्गीकरण के अनुसार उसका व्यक्तित्व किस विशिष्ट प्रकार के अंतर्गत आएगा?
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व्यक्तित्व के शील गुण (Trait) सिद्धांतों के संदर्भ में, गॉर्डन ऑलपोर्ट (Gordon Allport) के 'शील गुण सिद्धांत' तथा रेमंड कैटल (Raymond Cattell) के '16PF मॉडल' का गहन विश्लेषण करने पर, ऑलपोर्ट द्वारा प्रतिपादित 'मूलभूत या कार्डिनल शील गुण' (Cardinal Traits) और कैटल द्वारा विश्लेषित 'स्रोत शील गुण' (Source Traits) के तात्विक एवं व्यावहारिक स्वरूप के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
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कारل जुंग (Carl Jung) द्वारा प्रतिपादित व्यक्तित्व के प्रकार उपागम (Type Approach) के अंतर्गत 'अंतर्मुखी' (Introvert) और 'बहिर्मुखी' (Extrovert) वर्गीकरण के अलावा, उनकी मनोवैज्ञानिक ऊर्जा के प्रवाह (Libido) और मानसिक कार्यों (जैसे- सोचना, अनुभव करना, संवेदना और अंतःप्रज्ञा) के आधार पर व्यक्तित्व के विन्यासों का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई व्यक्ति अपनी आंतरिक कल्पनाओं, विचारों और субъективной (आत्मनिष्ठ) दुनिया से अधिक संचालित होता है तथा बाहरी सामाजिक उत्तेजनाओं से दूर रहकर अपनी मानसिक ऊर्जा को पुनः प्राप्त करता है, तो जुंग के वर्गीकरण के अनुसार वह किस प्रमुख मनोवैज्ञानिक प्रकार के अंतर्गत आएगा और उसकी यह मूल प्रवृत्ति किस तात्विक विशेषता को दर्शाती है?
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व्यक्तित्व (Personality) के शील-गुण उपागम (Trait Approach) के अंतर्गत गॉर्डन ऑलपोर्ट (Gordon Allport) द्वारा प्रतिपादित शील-गुणों के वर्गीकरण में 'कार्डिनल शील-गुण' (Cardinal Trait), 'केंद्रीय शील-गुण' (Central Trait) और 'द्वितीयक शील-गुण' (Secondary Trait) का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई ऐतिहासिक या काल्पनिक व्यक्ति अपने जीवन के प्रत्येक कार्य, निर्णय और विचार को केवल एक ही अत्यंत प्रबल, सर्वव्यापी और शाश्वत प्रेरणा या जुनून से संचालित करता है, जिसके प्रभाव से उसका संपूर्ण जीवन परिभाषित हो जाता है, तो ऑलपोर्ट के वर्गीकरण के अनुसार ऐसे शील-गुण को किस श्रेणी में रखा जाएगा तथा यह अन्य शील-गुणों से किस प्रकार भिन्न है?
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