वृद्धि एवं विकास: अवधारणा और अंतर
Asked 2 महीने पहले · Viewed 4,176 times
बाल विकास के अध्ययन के दौरान 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) की अवधारणाओं, उनके सिद्धांतों तथा परिपक्वता (Maturation) के साथ उनके अंतःसंबंधों का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन उनके तात्विक और वैज्ञानिक स्वरूप को सर्वाधिक सटीक रूप से स्पष्ट करता है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
बाल मनोविज्ञान में 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) दो भिन्न किंतु परस्पर संबंधित अवधारणाएँ हैं। अभिवृद्धि का संबंध मुख्य रूप से शारीरिक संरचना और आकार में होने वाले मात्रात्मक परिवर्तनों (जैसे लंबाई, वजन और ऊंचाई) से है, जो एक निश्चित आयु (सामान्यतः परिपक्वता प्राप्त करने के बाद) पर रुक जाती है। इसके विपरीत, 'विकास' एक व्यापक और सतत प्रक्रिया है जो गर्भधारण से लेकर मृत्यु तक (क्रेडल टू ग्रेव) चलती है। विकास में मात्रात्मक परिवर्तनों के साथ-साथ गुणात्मक परिवर्तन (जैसे कार्यकुशलता, बौद्धिक क्षमता, और संवेगात्मक संतुलन) भी समाहित होते हैं। इस विषय पर अधिक विस्तृत जानकारी के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
अगला प्रश्न →
बाल विकास के अध्ययन के अंतर्गत 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development)…
← पिछला प्रश्न
बाल विकास के संदर्भ में 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास'…
Related Questions
→
बाल विकास के अध्ययन में 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) की अवधारणाओं के साथ-साथ विकास के विभिन्न सिद्धांतों का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों के मध्य पाए जाने वाले सैद्धांतिक अंतर और विकास के स्वरूप को सर्वाधिक सटीक रूप से स्पष्ट करता है?
→
बाल विकास के अध्ययन में 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) की अवधारणाओं तथा विकास के विभिन्न बुनियादी सिद्धांतों (जैसे- 'समाश्रयण का नियम', 'समान प्रतिमान का सिद्धांत' और 'विकास की वर्तुल गति') का गहन विश्लेषण करने पर, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों संकल्पनाओं के तात्विक और वैज्ञानिक अंतर को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है?
→
बाल विकास के अध्ययन में 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) की तात्विक अवधारणाओं का गहन विश्लेषण करने पर, तथा विकास के विभिन्न सार्वभौमिक सिद्धांतों (जैसे- 'समान प्रतिमान का सिद्धांत' और 'दिशा का सिद्धांत') के परिप्रेक्ष्य में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
→
मानव विकास की अवधारणा, उसकी अभिवृद्धि (Growth) और विकास (Development) के बीच के तात्विक एवं गुणात्मक अंतर का गहन विश्लेषण करने पर, तथा विकास के प्रमुख सिद्धांतों (जैसे- निरंतरता का सिद्धांत, एकीकरण का सिद्धांत, और सिर से पैर की दिशा का सिद्धांत या सेफलोकाडल ट्रेंड) के आलोक में, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक वैज्ञानिक और प्रामाणिक रूप से सत्य है?
→
बाल विकास के संदर्भ में 'अभिवृद्धि' (Growth) और 'विकास' (Development) की अवधारणाओं, उनके तात्विक अंतर तथा विकास के विभिन्न सिद्धांतों (जैसे निरंतरता का सिद्धांत, एकीकरण का सिद्धांत और व्यक्तिक भिन्नता का सिद्धांत) का गहन मनोवैज्ञानिक विश्लेषण करने पर, यदि एक बालक की शारीरिक संरचना में मात्रात्मक परिवर्तन होने के साथ-साथ उसकी मानसिक, सामाजिक और संवेगात्मक क्षमताओं में गुणात्मक परिपक्वता आती है, तो इन दोनों प्रक्रियों के अंतर्संबंधों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
→
मानव विकास के संदर्भ में परिपक्वता (Maturation) और अधिगम (Learning) के बीच के अंतःसंबंधों का विश्लेषण करते समय, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इन दोनों संकल्पनाओं की वास्तविक प्रकृति और उनके अंतःक्रियात्मक प्रभाव को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.