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सुकेन्द्रकी (Eukaryotic) कोशिकाओं के कोशिकांगों (Cell organelles) और उनके विशिष्ट कार्यों के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. अंतःप्रद्रव्यी जालिका (Endoplasmic Reticulum) के खुरदरे भाग (RER) पर राइबोसोम्स उपस्थित होते हैं जो प्रोटीन संश्लेषण में सहायता करते हैं, जबकि चिकनी अंतःप्रद्रव्यी जालिका (SER) लिपिड, स्टेरॉयड हॉर्मोन्स और ग्लाइकोजन चयापचय के लिए मुख्य स्थल होती है।
  2. 2. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार, गॉल्जीकाय (Golgi apparatus) में 'सिस्टर्नी' (Cisternae) की उत्तोलक या निर्माता सतह 'ट्रांस-फेस' (Trans face) कहलाती है, जो अंतःप्रद्रव्यी जालिका से लगातार पदार्थ प्राप्त करती है।
  3. 3. लाइसोसोम (Lysosomes) एकल झिल्ली से घिरे ऐसे कोशिकांग हैं जिनमें अम्लीय फॉस्फेटेज और हाइड्रोलेस जैसे हाइड्रोलिटिक एंजाइम भरपूर मात्रा में होते हैं, जो इष्टतम रूप से अम्लीय pH (लगभग 4-5) पर सबसे अधिक सक्रिय होते हैं।
  4. 4. माइटोकॉन्ड्रिया की आंतरिक झिल्ली पर बनने वाले वलन (Cristae) इसके सतही क्षेत्रफल को बढ़ाते हैं, और इन पर स्थित ऑक्सीसोम ($F_0-F_1$ कण) एटीपी (ATP) के संश्लेषण में उत्प्रेरक की भूमिका निभाते हैं।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सही है क्योंकि खुरदरी अंतःप्रद्रव्यी जालिका (RER) प्रोटीन संश्लेषण और स्रवण से जुड़ी होती है, जबकि चिकनी अंतःप्रद्रव्यी जालिका (SER) लिपिड और स्टेरॉयड हॉर्मोन्स के संश्लेषण का प्रमुख केंद्र है। कथन 2 गलत है क्योंकि गॉल्जीकाय की जो सतह अंतःप्रद्रव्यी जालिका की ओर होती है उसे 'सिट्स' या 'सिस-फेस' (Cis face) या निर्माता सतह कहा जाता है, जबकि 'ट्रांस-फेस' (Trans face) परिपक्व सतह होती है। विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार, लाइसोसोम (कथन 3) एकल झिल्ली से बंधे थैलीनुमा संरचनाएं होती हैं जिनमें विभिन्न प्रकार के पाचक एंजाइम (हाइड्रोलेस) होते हैं जो अम्लीय माध्यम में कार्य करते हैं। कथन 4 भी सही है क्योंकि माइटोकॉन्ड्रिया की आंतरिक झिल्ली के वलन (क्रिस्टी) पर $F_0-F_1$ कण पाए जाते हैं जो ऑक्सीडेटिव फास्फोरिलीकरण द्वारा ATP का निर्माण करते हैं।
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