सृजनशीलता (Creativity)
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'सृजनात्मकता' (Creativity) के संदर्भ में, मनोवैज्ञानिक जे.पी. गिलफोर्ड (J.P. Guilford) द्वारा प्रतिपादित 'बुद्धि की संरचना' (Structure of Intellect - SOI) मॉडल और सृजनात्मक चिंतन के दो प्रमुख आयामों—'अपसारी चिंतन' (Divergent Thinking) तथा 'अभिसारी चिंतन' (Convergent Thinking)—के वैज्ञानिक स्वरूप और उनकी विशेषताओं के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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Detailed Explanation
जे.पी. गिलफोर्ड ने अपने बुद्धि की संरचना मॉडल और सृजनात्मकता के अध्ययन में स्पष्ट किया कि 'अभिसारी चिंतन' (Convergent Thinking) किसी एक निश्चित और स्थापित उत्तर तक सीमित होता है (जैसे बहुविकल्पीय प्रश्नों में एक सही उत्तर), जो रूढ़िबद्ध और तार्किक होता है। इसके विपरीत, 'अपसारी चिंतन' (Divergent Thinking) 'मस्तिष्क झंझावात' (Brainstorming) और मौलिकता से जुड़ा है, जहाँ एक ही समस्या के कई अलग-अलग और नए दृष्टिकोण या समाधान खोजे जाते हैं। यह सृजनात्मकता (Creativity) का सबसे प्रमुख घटक है।
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