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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'हावर्ड गार्डनर के बहुबुद्धि सिद्धांत' (Multiple Intelligences Theory) के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, गार्डनर द्वारा प्रतिपादित 'स्थानिक बुद्धि' (Spatial Intelligence) और 'शारीरिक-गतिकी बुद्धि' (Bodily-Kinesthetic Intelligence) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'राइट पैराइटल लोब' (Right Parietal Lobule), 'सेरेबेलम' (Cerebellum) और 'मोटर कॉर्टेक्स' के बीच दृश्य-स्थानिक मानसिक घुमाव (Mental Rotation), ठीक मोटर समन्वय और शरीर-अवकाशीय एकीकरण की सक्रियण गतिकी, तथा एंटोनियो दमासियो (Antonio Damasio) द्वारा प्रतिपादित 'सोमैटिक मार्कर हाइपोथेसिस' (Somatic Marker Hypothesis) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, अनुभवात्मक काइनेस्थेटिक शिक्षाशास्त्र (Experiential Kinesthetic Pedagogy) और विद्यार्थियों में स्थानिक समस्या-समाधान, शारीरिक नियंत्रण व समग्र बहुआयामी बौद्धिक कौशल के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
हावर्ड गार्डनर के बहुबुद्धि सिद्धांत के अनुसार, बुद्धिमत्ता का कोई एक सामान्य केंद्र नहीं होता, बल्कि मस्तिष्क के विभिन्न हिस्से विशिष्ट प्रकार की बुद्धिमत्ता (जैसे स्थानिक बुद्धि के लिए दायां पैराइटल लोब और शारीरिक-गतिकी बुद्धि के लिए सेरेबेलम और मोटर कॉर्टेक्स) को नियंत्रित करते हैं। आधुनिक समावेशी शिक्षा में अनुभवात्मक और काइनेस्थेटिक शिक्षण पद्धतियों का उपयोग करके इन स्वतंत्र बुद्धियों का विकास किया जाता है, जिससे विद्यार्थियों में स्थानिक मानसिक घुमाव और शारीरिक कौशल में वृद्धि होती है।
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बुद्धि के बहुआयामी सिद्धांत' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, हावर्ड गार्डनर (Howard Gardner) द्वारा प्रतिपादित 'बहु-बुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences: भाषाई, तार्किक-गणितीय, स्थानिक, संगीत, शारीरिक-गतिसंवेदी, अंतरापवैक्तिक, अंतःवैक्तिक और प्रकृतिवादी बुद्धि) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के विशिष्ट क्षेत्रों जैसे 'ब्रोका और वर्निक क्षेत्र' (Broca's & Wernicke's Areas - भाषाई बुद्धि), 'ऑसिपिटो-पैरिएटल कॉर्टेक्स' (Occipito-Parietal Cortex - स्थानिक बुद्धि), 'सेरेबेलम और मोटर कॉर्टेक्स' (Cerebellum & Motor Cortex - शारीरिक-गतिसंवेदी बुद्धि), और 'वेंट्रोमेडियल प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स व लिम्बिक सिस्टम' (vmPFC & Limbic System - अंतरापवैक्तिक और अंतःवैक्तिक बुद्धि) के बीच स्वतंत्र तंत्रिका मॉड्यूलर नेटवर्क सक्रियण (Independent Neural Modular Network Activation), सिनैप्टिक विशिष्टीकरण, और संज्ञानात्मक संसाधनों के पृथक्करण की गतिकी, तथा रॉबर्ट स्टर्नबर्ग के 'बुद्धि के त्रितंत्र सिद्धांत' (Triarchic Theory of Intelligence) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-मल्टीपल इंटेलिजेंस ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Multiple Intelligence Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में व्यक्तिगत भिन्नताओं के अनुकूल बहु-संवेदी शिक्षण रणनीतियों, संज्ञानात्मक शक्तियों के संवर्द्धन व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के विकास में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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प्राचीन भारतीय दर्शन प्रणालियों, उनके संस्थापकों (प्रणेताओं) और उनके मूलभूत सिद्धांतों के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर मीमांसा (वेदांत दर्शन) के प्रणेता महर्षि बादरायण हैं, जो यह प्रतिपादित करते हैं कि ब्रह्म ही एकमात्र सत्य है (ब्रह्म सत्यं जगन्मिथ्या) और जीव तथा ब्रह्म में कोई मूलभूत भेद नहीं है।
2. योग दर्शन के प्रणेता महर्षि पतंजलि हैं, जो चित्त की वृत्तियों के निरोध को योग मानते हैं और इसके अंतर्गत अष्टांग योग (यम, नियम, आसन, प्राणायाम, प्रत्याहार, धारणा, ध्यान और समाधि) का मार्ग सुझाते हैं।
3. वैशेषिक दर्शन के प्रणेता महर्षि जैमिनी हैं, जो इस ब्रह्मांड की रचना 'अदृष्ट' और कर्मकांडीय यज्ञों की अनिवार्यता के आधार पर समझाते हैं तथा वेदों के कर्मकांड खंड को ही परम सत्य मानते हैं।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'अधिगम के गेस्टाल्टवादी सिद्धांत' (Gestalt Theory of Learning) के संदर्भ में, मैक्स वर्दइमर (Max Wertheimer), वोल्फगांग कोहलर (Wolfgang Köhler), और कुर्त कोफ्का (Kurt Koffka) द्वारा प्रतिपादित 'सूझ या अंतर्दृष्टि का सिद्धांत' (Insight Learning Theory) के अंतर्गत 'सम्पूर्णता का नियम' (Law of Good Gestalt), 'अकास्मिक समाधान' (Aha! Experience), और 'संज्ञानात्मक पुनर्रचना' (Cognitive Restructuring) के वैज्ञानिक स्वरूप तथा एडवर्ड थार्नडाइक के 'प्रयत्न एवं भूल सिद्धांत' (Trial and Error Theory) के साथ उनके तुलनात्मक अंतर्संबंधों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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उत्तर प्रदेश के वन संसाधनों, प्रशासनिक वर्गीकरण और राष्ट्रीय वन नीति के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश की 'राज्य वन नीति' के अनुसार, राज्य के कुल भौगोलिक क्षेत्रफल का लगभग 33 प्रतिशत भाग वनों और वृक्षों से आच्छादित करने का लक्ष्य रखा गया है, जबकि वर्तमान में वास्तविक वनाच्छादन इस लक्ष्य से काफी कम है।
2. भारतीय वन सर्वेक्षण (FSI) की रिपोर्ट के अनुसार, उत्तर प्रदेश के भौगोलिक क्षेत्र में सबसे अधिक वनावरण प्रतिशत वाला जिला 'सोनभद्र' है, जबकि क्षेत्रफल की दृष्टि से सबसे कम वनावरण वाला जिला 'भदोही' (संत रविदास नगर) है।
3. उत्तर प्रदेश के वनों को प्रशासनिक दृष्टि से 'आरक्षित वन' (Reserved Forests), 'संरक्षित वन' (Protected Forests) और 'अवर्गीकृत वन' (Unclassified Forests) में वर्गीकृत किया गया है, जिसमें से सबसे बड़ा क्षेत्रफल 'संरक्षित वनों' के अंतर्गत आता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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उत्तर प्रदेश के वन्य जीव विहार, पक्षी विहार और उनके स्थापना वर्ष या अवस्थिति के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. उत्तर प्रदेश का प्रथम वन्य जीव विहार 'चंद्रप्रभा वन्य जीव विहार' है, जो चंदौली जिले में स्थित है और इसकी स्थापना वर्ष 1957 में की गई थी।
2. 'नवाबगंज पक्षी विहार' (जो अब चंद्रशेखर आजाद पक्षी विहार के नाम से जाना जाता है) उत्तर प्रदेश का सबसे पुराना पक्षी विहार है, जो उन्नाव जिले में स्थित है।
3. 'हस्तिनापुर वन्य जीव विहार' उत्तर प्रदेश का क्षेत्रफल की दृष्टि से सबसे बड़ा वन्य जीव विहार है, जो मेरठ, मुजफ्फरनगर, बिजनौर, हापुड़ और अमरोहा जिलों तक फैला हुआ है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं?
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