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UPTET
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'अधिगम स्थानांतरण' (Transfer of Learning) के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, एडवर्ड थॉर्नडाइक (Edward Thorndike) तथा सी.डब्ल्यू. विच द्वारा प्रतिपादित 'समान तत्वों का सिद्धांत' (Theory of Identical Elements) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'सेंसरी कॉर्टेक्स' (Sensory Cortex), 'मोटर कॉर्टेक्स' (Motor Cortex), और 'हिप्पोकैम्पस' (Hippocampus) के बीच तंत्रिका मार्ग साझाकरण (Neural Pathway Sharing), सिनैप्टिक रीमैपिंग (Synaptic Remapping), और क्रॉस-मॉडालिटी ट्रांसफर की सक्रियण गतिकी, तथा चार्ल्स जुड के 'सामान्यीकरण सिद्धांत' (Theory of Generalization) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-ट्रांसफर ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Transfer Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में व्यावहारिक अनुप्रयोग (Practical Application), कौशल सामान्यीकरण व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?

Detailed Explanation

व्याख्या: अधिगम स्थानांतरण (Transfer of Learning) के संदर्भ में एडवर्ड थॉर्नडाइक का 'समान तत्वों का सिद्धांत' यह बताता है कि एक स्थिति में सीखा गया ज्ञान या कौशल दूसरी स्थिति में तभी स्थानांतरित होता है जब दोनों स्थितियों में समान तत्व (मानसिक प्रक्रियाएं, संवेदी-मोटर मार्ग या विषय-वस्तु) मौजूद होते हैं। न्यूरो-संज्ञानात्मक दृष्टिकोण से, जब पूर्व अधिगम और नवीन अधिगम के दौरान मस्तिष्क के समान न्यूरल नेटवर्क (जैसे सेंसरी कॉर्टेक्स, मोटर कॉर्टेक्स और हिप्पोकैम्पस) सक्रिय होते हैं, तो सिनैप्टिक प्लास्टिसिटी और तंत्रिका मार्ग साझाकरण के कारण सकारात्मक स्थानांतरण संभव होता है। 'न्यूरो-ट्रांसफर ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' इसी आधार पर प्राथमिक कक्षाओं में व्यावहारिक और प्रासंगिक शिक्षण डिजाइन करने पर बल देती है ताकि छात्र आसानी से ज्ञान को वास्तविक जीवन में लागू कर सकें। अतः विकल्प (b) सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है।
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उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'अभिप्रेरणा (Motivation) और उसके सिद्धांतों' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, अब्राहम मास्लो (Abraham Maslow) द्वारा प्रतिपादित 'आवश्यकता पदानुक्रम सिद्धांत' (Hierarchy of Needs) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'वेंट्रल स्ट्रेटम' (Ventral Striatum), 'न्यूक्लियस एक्यूम्बेंस' (Nucleus Accumbens), 'लिम्बिक सिस्टम' और 'प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' के बीच डोपामिनर्जिक रिवार्ड पाथवे, होमियोस्टैटिक नियमन और उच्च-स्तरीय आत्म-सिद्धि (Self-Actualization) की सक्रियण गतिकी, तथा एडवर्ड डेसी (Edward Deci) और रिचर्ड रायन (Richard Ryan) द्वारा प्रतिपादित 'आत्म-निर्णय सिद्धांत' (Self-Determination Theory: स्वायत्तता, सक्षमता और संबद्धता) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, नीड-बेस्ड मोटिवेशनल कंस्ट्रक्टिविस्ट पेडागोजी (Need-Based Motivational Constructive Pedagogy) और विद्यार्थियों में आंतरिक अभिप्रेरणा (Intrinsic Motivation), संवेगात्मक कल्याण व समग्र शैक्षणिक संलग्नता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है? बच्चों के संज्ञानात्मक विकास और भाषा अर्जन के संदर्भ में, जीन पियाजे (Jean Piaget) और लेव वाइगोत्स्की (Lev Vygotsky) के सिद्धांतों के तुलनात्मक अध्ययन के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. जीन पियाजे का मानना था कि बच्चों में विचार (Thought) का विकास भाषा से पहले होता है और भाषा उनके संज्ञानात्मक विकास का ही एक उत्पाद है, जबकि लेव वाइगोत्स्की के अनुसार भाषा और विचार शुरुआत में स्वतंत्र होते हैं, लेकिन लगभग दो वर्ष की आयु के बाद वे आपस में मिल जाते हैं। 2. पियाजे ने बच्चों को 'सक्रिय अन्वेषक' (Active Explorers) माना है जो अपने भौतिक पर्यावरण के साथ अंतःक्रिया करके स्वयं ज्ञान का निर्माण करते हैं, जबकि वाइगोत्स्की ने बच्चे के संज्ञानात्मक विकास में सामाजिक-सांस्कृतिक अंतःक्रिया, भाषा और 'मोर नॉलेजेबल अदर' (MKO) की भूमिका को सर्वोपरि माना है। 3. पियाजे के अनुसार 'अहंकेन्द्रित वाक्' (Egocentric Speech) बच्चों की अपरिपक्वता को दर्शाता है जो किसी अन्य के दृष्टिकोण को समझने में असमर्थ होते हैं, जबकि वाइगोत्स्की इसे 'व्यक्तिगत वाक्' (Private Speech) कहते हैं जो बच्चों को अपने व्यवहार को विनियमित (Self-regulation) करने में सहायता प्रदान करता है। उपर्युक्त कथनों में से कौन सा/से सही है/हैं? उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'बाल विकास एवं वंशानुक्रम व वातावरण का प्रभाव' (Influence of Heredity and Environment) के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, थॉमस और चेस (Thomas and Chess) द्वारा प्रतिपादित 'शिशु स्वभाव के प्रकार' (Temperament: आसान, कठिन, और मन्द-प्रतिक्रिया वाले बालक) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'अमीगडाला' (Amygdala), 'प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Prefrontal Cortex), और 'हाइपोथैलेमिक-पिट्यूटरी-एड्रेनल एक्सिस' (HPA Axis) के बीच संवेगात्मक अनुक्रियाशीलता (Emotional Reactivity), तनाव नियमन (Stress Regulation), और स्व-नियंत्रण (Self-Regulation) की सक्रियण गतिकी, तथा फ्रांसिस गॅलन (Francis Galton) के आनुवंशिक निर्धारणवाद एवं वॉटसन के पर्यावरणीय व्यवहारवाद के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, 'न्यूरो-टेंपरामेंट ऑप्टिमाइज्ड पेडागोजी' (Neuro-Temperament Optimized Pedagogy) और विद्यार्थियों में व्यक्तिगत स्वभाव के अनुकूल शिक्षण रणनीतियों, संवेगात्मक संतुलन व समग्र संवेगात्मक-संज्ञानात्मक दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है? उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'अधिगम अक्षमता' (Learning Disabilities) और 'समावेशी शिक्षा' (Inclusive Education) के संदर्भ में, सैमुअल किर्क (Samuel Kirk) द्वारा पहली बार प्रतिपादित शब्द 'लर्निंग डिसेबिलिटी' के अंतर्गत आने वाली प्रमुख विशिष्ट अक्षमताओं—जैसे 'डिस्लेक्सिया' (Dyslexia), 'डिस्ग्राफिया' (Dysgraphia), 'डिस्कैल्कुलिया' (Dyscalculia), 'डिस्प्रैक्सिया' (Dyspraxia), और 'अफेसिया/डिस्फेसिया' (Aphasia/Dysphasia)—के न्यूरोलॉजिकल और मनोवैज्ञानिक स्वरूप, तथा विशेष आवश्यकता वाले बालकों के लिए नि:शुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 (RTE Act 2009) एवं 'दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम, 2016' (RPWD Act 2016) के अंतर्गत परिभाषित प्रावधानों के पारस्परिक अंतर्संबंधों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है? उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के पाठ्यक्रम में 'समासमायोजन और रक्षा तंत्र' (Adjustment and Defense Mechanisms) के संदर्भ में, मनोविश्लेषक सिगमंड फ्रायड (Sigmund Freud) द्वारा प्रतिपादित रक्षा तंत्रों में से 'प्रतिक्रिया निर्माण' (Reaction Formation) की मनोवैज्ञानिक प्रक्रिया को निम्नलिखित में से कौन सा विकल्प सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है?
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