BaalVikas
Menu

अवलोकनात्मक अधिगम (Observational Learning) क्या है?

अवलोकनात्मक अधिगम में व्यक्ति दूसरों को कोई व्यवहार करते और उसका परिणाम पाते देखकर सीखता है, बिना स्वयं करे। यह अल्बर्ट बंडूरा के सामाजिक अधिगम सिद्धांत की मुख्य बात है।

अवलोकनात्मक अधिगम: विस्तृत व्याख्या

अवलोकनात्मक अधिगम को समझें

बंडूरा के बोबो डॉल प्रयोग (1961) में जिन बच्चों ने वयस्क को गुड़िया पर हमला करते देखा, उन्होंने बाद में वैसा ही व्यवहार किया। बंडूरा के अनुसार इसमें चार प्रक्रियाएँ काम करती हैं: ध्यान, धारण, पुनरुत्पादन और अभिप्रेरणा।

याद रखने योग्य बिंदु

  • चार प्रक्रियाएँ: ध्यान, धारण, पुनरुत्पादन, अभिप्रेरणा
  • देखे गए परिणाम (प्रतिनिधिक पुनर्बलन) अनुकरण तय करते हैं
  • आदर्श (मॉडल) की भूमिका निर्णायक है

उदाहरण

जिस कक्षा में शिक्षक समय पर आते और सबका सम्मान करते हैं, वहाँ विद्यार्थी भी समय का पालन और विनम्रता अपनाते हैं, जबकि उन्हें किसी ने सीधे निर्देश नहीं दिया।

परीक्षा में कैसे पूछा जाता है

अनुकरण, मॉडलिंग या देखकर सीखना जैसे शब्द आएँ तो बंडूरा। बोबो डॉल प्रयोग और चार प्रक्रियाओं का क्रम भी पूछा जाता है।

अवलोकनात्मक अधिगम पर अभ्यास प्रश्न (MCQ)

बंडूरा के सभी प्रश्न देखें →

तुलना पढ़ें

संबंधित अवधारणाएँ

संदर्भ
  • अल्बर्ट बंडूरा, Social Learning Theory (1977)
  • NCERT, मनोविज्ञान की पाठ्यपुस्तकें