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Child Development
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जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के अंतर्गत, 'पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था' (Preoperational Stage) की एक प्रमुख विशेषता 'जीववाद' (Animism) है। इस मनोवैज्ञानिक अवधारणा का सर्वाधिक सटीक और तात्विक अर्थ निम्नलिखित में से कौन-सा है?

Detailed Explanation

जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत में 'जीववाद' (Animism) पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था (लगभग 2 से 7 वर्ष) की एक मुख्य विशेषता है। इस अवस्था में बच्चा निर्जीव वस्तुओं को भी सजीव मान बैठता है और सोचता है कि उनमें भी इंसानों की तरह भावनाएं, दर्द और चेतना होती है, जैसे बारिश होने पर कहना कि 'बादल रो रहे हैं'। इस विषय में अधिक जानकारी के लिए विकिपीडिया संदर्भ पढ़ा जा सकता है।
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→ क्रियात्मक अनुसंधान (Action Research) के संदर्भ में, स्टीफन कोरे (Stephen M. Corey) और अन्य शिक्षाविदों द्वारा बताए गए अनुसंधान चक्र (Research Cycle) का तार्किक एवं क्रमिक चरण निम्नलिखित में से कौन सा है? → जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत के संदर्भ में, 'पूर्व-संक्रियात्मक अवस्था' (Preoperational Stage) की मुख्य विशेषता 'अहंप्रकेंद्रिता' (Egocentrism) और 'केंद्रीयकरण' (Centration) का गहन विश्लेषण करते समय, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इस अवस्था के बालकों की मानसिक सीमा को सर्वाधिक सटीक रूप से रेखांकित करता है? → छात्रों को राष्ट्रीय स्तर पर अनुशंसित ......... या अधिक मध्यम से प्रबल शारीरिक गतिविधि प्राप्त करने में मदद करने के विद्यालय एक अनूठी स्थिति में हैं। → लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत के अंतर्गत 'रूढ़िगगत स्तर' (Conventional Morality) के द्वितीय चरण यानी 'अधिकार और सामाजिक व्यवस्था बनाए रखने का अभिमुखीकरण' (Authority and Social Order Maintaining Orientation) का गहन विश्लेषण करने पर, यदि कोई किशोर या वयस्क इस मान्यता से प्रेरित होकर कार्य करता है कि सामाजिक नियमों, कानूनों और कर्तव्यों का पालन करना समाज में सुव्यवस्थित व्यवस्था बनाए रखने और अराजकता को रोकने के लिए परम आवश्यक है, और कानून का उल्लंघन करना हर परिस्थिति में अनैतिक है; तो कोहलबर्ग के इस नैतिक विकास के प्रतिमान के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक रूप से सत्य है? → लॉरेंस कोहलबर्ग के नैतिक विकास के सिद्धांत (Moral Development Theory) के अंतर्गत 'पूर्व-पारंपरिक नैतिकता' (Pre-conventional Morality) के प्रथम चरण—अर्थात 'दंड और आज्ञाकारिता अभिविन्यास' (Obedience and Punishment Orientation)—का सूक्ष्म मनोवैज्ञानिक विश्लेषण करने पर, इस चरण की तात्विक और व्यवहारिक गतिकी के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
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