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मानव रक्त परिसंचरण तंत्र और रक्त समूहों (Blood Groups) की आनुवंशिक एवं प्रतिरक्षात्मक विशेषताओं के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

  1. 1. ABO रक्त समूह प्रणाली में लाल रक्त कोशिकाओं की सतह पर पाए जाने वाले एंटीजन (एग्लूटिनोजन) कार्बोहाइड्रेट अंश होते हैं जो लिपिड या प्रोटीन से जुड़े रहते हैं, और इनका संश्लेषण 'I' जीन द्वारा नियंत्रित होता है जिसमें $I^A$ और $I^B$ एलील सह-प्रभाविता (Co-dominance) प्रदर्शित करते हैं।
  2. 2. विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार, बम्बई रक्त समूह (Bombay Blood Phenotype) वाले व्यक्तियों में 'H' एंटीजन का संश्लेषण नहीं हो पाता है, जिससे उनका रक्त समूह भले ही आनुवंशिक रूप से A, B या AB हो, परंतु सिरोलॉजी में वे 'O' समूह की तरह व्यवहार करते हैं।
  3. 3. Rh-असंगतता (Erythroblastosis foetalis) की स्थिति में, Rh-धनात्मक माता से उत्पन्न होने वाला प्रथम Rh-ऋणात्मक शिशु गंभीर रूप से प्रभावित होता है क्योंकि माँ के शरीर में पहले से मौजूद प्री-फॉर्मड एंटीबॉडीज प्लेसेंटा को पार कर जाते हैं।
  4. 4. सार्वभौमिक प्राप्तकर्ता (Universal Recipient) रक्त समूह 'AB' वाले व्यक्तियों के प्लाज्मा में एंटी-A और एंटी-B दोनों प्राकृतिक एंटीबॉडी (एग्लूटेनिन) अनुपस्थित होते हैं, हालांकि प्लाज्मा आधान (Plasma Transfusion) के समय दाता के प्लाज्मा में मौजूद एंटीबॉडीज की भूमिका पर विचार करना आवश्यक होता है।

उपर्युक्त कथनों में से कौन-से कथन सही हैं?

Detailed Explanation

कथन 1 सही है क्योंकि ABO रक्त समूह ग्लाइकोलिपिड या ग्लाइकोप्रोटीन पर आधारित होते हैं और $I^A$ व $I^B$ सह-प्रभावी होते हैं। कथन 2 सही है; विकिपीडिया संदर्भ के अनुसार बम्बई फेनोटाइप में 'H' पदार्थ का अभाव होता है जिससे वे 'O' जैसा प्रतीत होते हैं। कथन 3 गलत है क्योंकि यह स्थिति Rh-धनात्मक शिशु और Rh-ऋणात्मक माँ के बीच होती है, और प्रथम गर्भावस्था में आमतौर पर कोई गंभीर प्रभाव नहीं होता क्योंकि प्राथमिक प्रतिरक्षा प्रतिक्रिया धीमी होती है। कथन 4 सही है क्योंकि AB रक्त समूह के प्लाज्मा में एंटी-A और एंटी-B दोनों प्राकृतिक रूप से नहीं होते हैं। अतः सही विकल्प (a) है।
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