थॉर्नडाइक: प्रयास एवं त्रुटि
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एडवर्ड थार्नडाइक (Edward Thorndike) के 'संबंधवाद (Connectionism) / प्रयास एवं त्रुटि सिद्धांत' (Trial and Error Theory) के अंतर्गत प्रतिपादित मुख्य नियमों—(1) तत्परता का नियम (Law of Readiness), (2) अभ्यास का नियम (Law of Exercise - जिसमें उपयोग और अनुपयोग शामिल हैं), तथा (3) प्रभाव का नियम (Law of Effect)—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के संतोषजनक परिणामों द्वारा सुदृढ़ीकरण, अनुक्रियाओं के स्वचालन (Automation), और अधिगम की मानसिक तैयारी के वैज्ञानिक प्रबंधन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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Detailed Explanation
एडवर्ड थार्नडाइक (Edward Thorndike) के संबंधवाद (Connectionism) या प्रयास एवं त्रुटि के सिद्धांत के अनुसार, अधिगम उद्दीपक (Stimulus) और अनुक्रिया (Response) के बीच संबंध या 'S-R Bond' के निर्माण से होता है। थार्नडाइक ने तीन मुख्य नियम दिए: (1) तत्परता का नियम (Law of Readiness) जो यह बताता है कि जब कोई तंत्रिका तंत्र (Neural Pathway) कार्य करने के लिए तैयार होता है, तो कार्य करना संतोषजनक होता है और ऐसा न होने पर कुंठा होती है; (2) अभ्यास का नियम (Law of Exercise) जिसमें उपयोग (Law of Use) और अनुपयोग (Law of Disuse) शामिल हैं, जो स्नायु-पथों के प्रयोग से बंध को मजबूत और प्रयोग न करने से कमजोर करता है; तथा (3) प्रभाव का नियम (Law of Effect) जो यह रेखांकित करता है कि संतोषजनक या सुखद परिणाम S-R बंध को दृढ़ करते हैं, जबकि कष्टदायक परिणाम उसे कमजोर करते हैं। कक्षा-कक्षीय शिक्षण में ये तीनों नियम विद्यार्थियों की मानसिक तैयारी, आवृत्ति द्वारा कौशल विकास और सकारात्मक सुदृढ़ीकरण (Positive Reinforcement) के माध्यम से स्थायी अधिगम सुनिश्चित करने में वैज्ञानिक रूप से अत्यधिक प्रामाणिक हैं। अतः विकल्प (b) सही है।
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अधिगम के मनोविज्ञान के अंतर्गत एडवर्ड थार्नडाइक के 'मुख्य नियमों' (Primary Laws of Learning) तथा बी.एफ. स्किनर के 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन' (Operant Conditioning) के सुदृढ़ीकरण (Reinforcement) के संप्रत्यय का सूक्ष्म विश्लेषण करते समय, थार्नडाइक के किस विशिष्ट नियम का प्रत्यक्ष वैचारिक विस्तार और प्रायोगिक परिमार्जन आगे चलकर स्किनर के 'पुनर्बलन अनुसूची' (Schedules of Reinforcement) और अनुक्रिया-प्रतिक्रिया गतिकी का आधार बना?
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एडवर्ड थॉर्नडाइक (Edward Thorndike) के 'संबंधवाद' (Connectionism / Trial and Error Theory) के अंतर्गत प्रतिपादित 'तत्परता का नियम' (Law of Readiness), 'अभ्यास का नियम' (Law of Exercise - जिसमें उपयोग और अनुपयोग के नियम शामिल हैं), तथा 'प्रभाव का नियम' (Law of Effect) के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के संतोषजनक अनुक्रियाओं के समेकन (Consolidation of S-R Bonds), त्रुटिहीन अधिगम, और संज्ञानात्मक सहसंबद्धता के वैज्ञानिक प्रबंधन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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