गार्डनर: बहुबुद्धि
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हॉवर्ड गार्डनर (Howard Gardner) के 'बहु-बुद्धि सिद्धांत' (Theory of Multiple Intelligences) के अंतर्गत प्रतिपादित 'प्रकृतिवादी बुद्धि' (Naturalistic Intelligence) की अवधारणा—जिसके तहत व्यक्तियों में प्राकृतिक दुनिया (वनस्पति, जीव-जंतु, पारिस्थितिकी तंत्र, मौसम और भूवैज्ञानिक संरचनाओं) की बारीकी से पहचान करने, उनका वर्गीकरण करने और प्राकृतिक पर्यावरण के साथ अपने परिवेश को प्रभावी ढंग से समायोजित करने की उच्च क्षमता पाई जाती है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के अनुभवात्मक अधिगम, पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता और अनुभवात्मक बुद्धिमत्ता के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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Detailed Explanation
हॉवर्ड गार्डनर के बहु-बुद्धि सिद्धांत (1983, 1999) के अनुसार, 'प्रकृतिवादी बुद्धि' (Naturalistic Intelligence) व्यक्तियों की प्राकृतिक दुनिया के विभिन्न तत्वों (जैसे पेड़-पौधे, जानवर, मौसम के पैटर्न और चट्टानें) को पहचानने, समझने और वर्गीकृत करने की क्षमता को दर्शाती है। कक्षा-कक्षीय शिक्षण में इस बुद्धि का उपयोग करने वाले विद्यार्थी प्रत्यक्ष अवलोकन, क्षेत्र अध्ययन (Field Studies) और पर्यावरणीय अन्वेषण के माध्यम से सबसे प्रभावी ढंग से सीखते हैं। विकल्प (b) इस अवधारणा के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ और वैज्ञानिक रूप से मान्य दृष्टिकोण को सबसे सटीक रूप से परिभाषित करता है, जबकि अन्य विकल्प तथ्यात्मक रूप से गलत और भ्रामक हैं।
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