अधिगम स्थानांतरण, वक्र एवं पठार
Asked 2 महीने पहले · Viewed 4,160 times
अधिगम के स्थानांतरण (Transfer of Learning) के संदर्भ में, एडवर्ड थार्नडाइक (Edward Thorndike) के 'समान अवयव के सिद्धांत' (Theory of Identical Elements) तथा गिल्बर्ट (Gilbert) एवं अन्य मनोवैज्ञानिकों द्वारा समर्थित 'स्थानांतरण के रूप' (जैसे- पार्श्व या द्विपक्षीय स्थानांतरण) का विश्लेषण करते समय, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन 'द्विपक्षीय स्थानांतरण' (Bilateral Transfer) की वास्तविक मनोवैज्ञानिक प्रक्रिया को सर्वाधिक सटीक रूप से स्पष्ट करता है?
✓ Correct! Well done.
✗ Not quite — the correct answer is highlighted above.
Detailed Explanation
अधिगम के स्थानांतरण के अंतर्गत 'द्विपक्षीय स्थानांतरण' (Bilateral Transfer) वह प्रक्रिया है जिसमें शरीर के एक अंग द्वारा प्राप्त किया गया प्रशिक्षण या कौशल शरीर के दूसरे सममित (Symmetric) अंग को स्थानांतरित हो जाता है। उदाहरण के लिए, यदि कोई व्यक्ति दाएं हाथ से लिखने का कौशल सीखता है, तो उसका कुछ अंश बाएं हाथ में भी स्वतः विकसित हो जाता है। इसे क्रॉस-एजुकेशन (Cross-education) के रूप में भी जाना जाता है। अधिक विस्तृत जानकारी के लिए आप विकिपीडिया संदर्भ देख सकते हैं।
अगला प्रश्न →
अधिगम के पठार (Plateaus of Learning) की स्थिति उत्पन्न होने के मुख्य कारणों का…
← पिछला प्रश्न
अधिगम के स्थानांतरण (Transfer of Learning) के संदर्भ में…
Related Questions
→
एडवर्ड थार्नडाइक (Edward Thorndike) के 'संबंधवाद और प्रयास एवं त्रुटि सिद्धांत' (Connectionism and Trial and Error Theory) के अंतर्गत प्रतिपादित एक अत्यंत महत्वपूर्ण और केंद्रीय संप्रत्यय—'प्रभाव का नियम' (Law of Effect)—जिसे उस मनोवैज्ञानिक सिद्धांत के रूप में परिभाषित किया जाता है जिसके अंतर्गत किसी अनुक्रिया (Response) के बाद यदि संतोषजनक या सुखद परिणाम (Satisfying State of Affairs) प्राप्त होता है, तो उस उद्दीपक (Stimulus) और अनुक्रिया के बीच का तंत्रिकाकीय संबंध मजबूत हो जाता है, तथा यदि असंतोषजनक या कष्टप्रद परिणाम प्राप्त होता है, तो वह बंधन कमजोर हो जाता है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के सुदृढ़ीकरण, संतोषजनक अनुभवों और प्रेरणा के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
→
थार्नडाइक के अधिगम के सिद्धांत में 'तत्परता का नियम' (Law of Readiness) मुख्य रूप से किससे संबंधित है?
→
एडवर्ड थार्नडाइक (Edward Thorndike) के 'प्रयास एवं त्रुटि सिद्धांत' (Trial and Error Theory) के अंतर्गत प्रतिपादित 'तत्परता का नियम' (Law of Readiness)—जिसके तहत यह स्पष्ट किया जाता है कि जब कोई स्नायु तंत्र (Nervous System) कार्य करने के लिए पूरी तरह तैयार होता है और उसे ऐसा करने दिया जाता है, तो उसे संतोष मिलता है तथा जब वह तैयार नहीं होता और उसे जबरन कार्य कराया जाता है, तो उसे झुंझलाहट या असंतोष होता है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के प्रेरणा स्तर, शैक्षणिक तत्परता और अनुकूलन के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
→
अधिगम के मनोविज्ञान के अंतर्गत एडवर्ड थार्नडाइक के 'मुख्य नियमों' (Primary Laws of Learning) तथा बी.एफ. स्किनर के 'क्रियाप्रसूत अनुबंधन' (Operant Conditioning) के सुदृढ़ीकरण (Reinforcement) के संप्रत्यय का सूक्ष्म विश्लेषण करते समय, थार्नडाइक के किस विशिष्ट नियम का प्रत्यक्ष वैचारिक विस्तार और प्रायोगिक परिमार्जन आगे चलकर स्किनर के 'पुनर्बलन अनुसूची' (Schedules of Reinforcement) और अनुक्रिया-प्रतिक्रिया गतिकी का आधार बना?
→
अधिगम के स्थानांतरण (Transfer of Learning) के विभिन्न सिद्धांतों के संदर्भ में, एडवर्ड थार्नडाइक और सी.डब्ल्यू. विच द्वारा प्रतिपादित 'समान तत्वों का सिद्धांत' (Theory of Identical Elements) तथा चार्ल्स जूड द्वारा प्रतिपादित 'सामान्यीकरण का सिद्धांत' (Theory of Generalization) के मध्य तात्विक और शैक्षणिक अंतर का विश्लेषण करते समय निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त है?
→
अधिगम के पठार (Plateaus of Learning) और अधिगम स्थानांतरण (Transfer of Learning) के मनोवैज्ञानिक सिद्धांतों का गहन विश्लेषण करते समय, निम्नलिखित में से कौन-सा कथन अधिगम वक्र में उत्पन्न होने वाले 'पठार' के वास्तविक कारणों और उसके निवारण के संदर्भ में सर्वाधिक सटीक एवं वैज्ञानिक व्याख्या प्रस्तुत करता है?
→
अधिगम के वक्रों (Learning Curves) के विभिन्न प्रकारों का विश्लेषण करते समय, यदि किसी अधिगम वक्र में प्रारंभ में सीखने की गति अत्यंत मंद होती है और तत्पश्चात अभ्यास के साथ निष्पादन में तीव्र गति से वृद्धि होती है, तत्पश्चात एक निश्चित बिंदु के बाद वह पुनः मंद हो जाती है, तो इस प्रकार के वक्र को मनोवैज्ञानिक रूप से क्या कहा जाता है?
→
अधिगम प्रक्रिया के दौरान आने वाले 'पठार' (Plateaus in Learning) के संदर्भ में, ब्रायन और हार्कर (Bryan & Harter) के प्रयोगों तथा आधुनिक मनोवैज्ञानिक विश्लेषणों के आधार पर निम्नलिखित में से कौन-सा कथन इस परिघटना के कारणों और उसके निवारण के संबंध में सर्वाधिक वैज्ञानिक एवं सटीक है?
Log in
to add to quiz, bookmark, or report issues.