गेस्टाल्ट एवं अंतर्दृष्टि अधिगम
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नॉर्मन मान (Norman Munn) एवं अन्य मनोवैज्ञानिकों द्वारा विश्लेषित और गेस्टाल्ट मनोविज्ञान (Gestalt Psychology) के अंतर्गत प्रतिपादित एक अत्यंत महत्वपूर्ण और केंद्रीय मानसिक प्रक्रिया—'अंतर्दृष्टि या सूझ का सिद्धांत' (Insight Learning Theory / Wolfgang Köhler)—जिसे किसी समस्या की समग्र परिस्थिति (Total Field) का अचानक और स्पष्ट बोध होने तथा बिना किसी यांत्रिक प्रयास के मानसिक पुनर्गठन (Cognitive Restructuring) द्वारा समस्या के समाधान को प्राप्त करने की अचानक होने वाली संज्ञानात्मक प्रक्रिया के रूप में परिभाषित किया जाता है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के तार्किक विश्लेषण, बोधगम्य समझ और रचनावादी अधिगम (Constructivist Learning) के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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Detailed Explanation
गेस्टाल्टवादियों (विशेषकर कोहलर) के अनुसार अंतर्दृष्टि या सूझ (Insight) द्वारा अधिगम तब होता है जब बालक समस्या के विभिन्न अंगों को अलग-अलग देखने के बजाय संपूर्ण परिस्थिति (Total Situation) के रूप में देखता है और अपने संज्ञानात्मक क्षेत्र (Cognitive Field) का मानसिक पुनर्गठन करके अचानक समाधान तक पहुँचता है। यह प्रक्रिया यांत्रिक न होकर बौद्धिक, आकस्मिक और स्थायी होती है।
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गेस्टाल्ट मनोविज्ञान (Gestalt Psychology) के संस्थापकों में से एक मैक्स…
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गेस्टाल्ट मनोवैज्ञानिक मैक्स वर्थइमर (Max Wertheimer)…
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'अधिगम स्थानांतरण (Transfer of Learning)' के न्यूरो-संज्ञानात्मक संदर्भ में, एडवर्ड थॉर्नडाइक (Edward Thorndike) द्वारा प्रतिपादित 'समान तत्वों का सिद्धांत' (Theory of Identical Elements) के न्यूरो-बायोलॉजिकल स्वरूप तथा मस्तिष्क के 'सेंसरी-मोटर कॉर्टेक्स' (Sensory-Motor Cortex), 'प्रीफ्रंटल कॉर्टेक्स' (Prefrontal Cortex) और 'एसोसिएशन एरिया' (Association Areas) के बीच न्यूरल पाथवे शेयरिंग, सिनैप्टिक ओवरलैप और पुराने कौशलों के तंत्रिका नेटवर्क के पुनरुपयोग की सक्रियण गतिकी, तथा चार्ल्स जुड (Charles Judd) द्वारा प्रतिपादित 'सामान्यीकरण का सिद्धांत' (Theory of Generalization) के पारस्परिक अंतर्संबंधों तथा उनके आधुनिक प्राथमिक समावेशी कक्षा-कक्ष शिक्षण, संदर्भ-आधारित रचनावादी शिक्षाशास्त्र (Context-based Constructivist Pedagogy) और विद्यार्थियों में सीखी गई संकल्पनाओं के वास्तविक जीवन में अनुप्रयोग, संज्ञानात्मक लचीलेपन व समग्र समस्या-समाधान दक्षता के संवर्धन में निहितार्थों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त एवं सत्य है?
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जीन पियाजे के संज्ञानात्मक विकास के सिद्धांत तथा लेव वाइगोत्स्की के सामाजिक-सांस्कृतिक सिद्धांत के बीच तुलनात्मक और तात्विक विश्लेषण करने पर, यदि एक शिक्षक कक्षा में बच्चों के ज्ञान निर्माण की प्रक्रिया को सुगम बनाने के लिए 'पियाजे के आत्मसातीकरण-समायोजन' (Assimilation-Accommodation) के संज्ञानात्मक प्रतिमान तथा 'वाइगोत्स्की के मचान' (Scaffolding) एवं 'समीपस्थ विकास क्षेत्र' (ZPD) के सामाजिक ढांचे का एक एकीकृत उपयोग करता है, तो बच्चों के अधिगम और संज्ञानात्मक विकास के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक प्रामाणिक एवं वैज्ञानिक रूप से सत्य है?
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राष्ट्रीय पाठ्यचर्या की रूपरेखा (NCF 2005) के अनुसार प्राथमिक स्तर पर गणित शिक्षण का मुख्य उद्देश्य बच्चों में 'गणितीयकरण' (Mathematization) की क्षमता का विकास करना है। इस संदर्भ में RTE Act 2009 की धारा 29 के प्रावधानों के साथ मिलकर निम्नलिखित में से कौन सी शिक्षण पद्धति इस उद्देश्य को प्राप्त करने के लिए सबसे अधिक प्रासंगिक है?
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एडवर्ड थार्नडाइक (Edward Thorndike) के 'संबंधवाद सिद्धांत' (Connectionism) के अंतर्गत प्रतिपादित 'तत्परता का नियम' (Law of Readiness), 'अभ्यास का नियम' (Law of Exercise - जिसमें उपयोग व अनुपयोग शामिल हैं), तथा 'प्रभाव का नियम' (Law of Effect) के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के तंत्रिका संबंधी स्नायु-मार्गों (Neural Pathways) के समेकन, पुरस्कार-दंड की प्रभावशीलता, और संज्ञानात्मक संतुष्टि के वैज्ञानिक प्रबंधन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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मानव शरीर में होने वाले विभिन्न संक्रामक और हीनताजन्य रोगों (Deficiency Diseases) के संदर्भ में, निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
1. 'स्कर्वी' (Scurvy) रोग विटामिन सी (एस्कॉर्बिक एसिड) की दीर्घकालिक कमी के कारण होता है, जिससे कोलेजन प्रोटीन के संश्लेषण में बाधा उत्पन्न होती है, मसूड़ों से खून आना और घावों का जल्दी न भरना इसके प्रमुख लक्षण हैं।
2. 'बेरी-बेरी' (Beriberi) रोग विटामिन बी-1 (थायमीन) की कमी से होने वाला विकार है, जो मुख्य रूप से तंत्रिका तंत्र (Nervous System) और हृदय प्रणाली को प्रभावित करता है, तथा अत्यधिक पॉलिश किए गए चावल के सेवन से इसकी संभावना बढ़ जाती है।
3. 'रिकेट्स' (Rickets), जो बच्चों में होने वाला एक हड्डियों का रोग है, विटामिन डी (कैल्सीफेरोल) और कैल्शियम की कमी के कारण होता है, जिससे अस्थियाँ कमजोर और विकृत हो जाती हैं, जबकि वयस्कों में इसी स्थिति को 'ऑस्टियोमलेशिया' (Osteomalacia) कहा जाता है।
4. 'पेलाग्रा' (Pellagra) रोग विटामिन बी-2 (राइबोफ्लेविन) की कमी के कारण होता है, जिसे '3D रोग' (डर्मेटाइटिस, डायरिया और डिमेंशिया) के रूप में जाना जाता है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन पूर्णतः सत्य है/हैं?
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वुल्फगैंग कोहलर द्वारा सुझाई गए गेस्टाल्टवादी 'अंतर्दृष्टि या सूझ के सिद्धांत' (Insight Learning Theory) के प्रयोगों के संदर्भ में, चिम्पैंजी 'सुल्तान' द्वारा छड़ियों को आपस में जोड़कर केले तक पहुँचने की समस्या का समाधान अचानक से प्राप्त करने की प्रक्रिया (Aha! Experience) में निम्नलिखित में से किस मुख्य संज्ञानात्मक क्रियाशीलता की प्रधानता पाई गई?
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एडवर्ड टॉलमैन (Edward Tolman) के 'चिह्न अधिगम सिद्धांत' (Sign Learning Theory) अथवा 'प्रतीक-gestalt अधिगम' के अंतर्गत प्रतिपादित 'अवगत मानचित्र या संज्ञानात्मक मानचित्र' (Cognitive Map) की अवधारणा—जिसके तहत शिक्षार्थी अपने पर्यावरण और अनुभवों के आधार पर केवल यांत्रिक आदतों या अनुक्रियाओं को ही नहीं सीखता, बल्कि मस्तिष्क में अपने परिवेश का एक मानसिक स्थानिक लेआउट (Spatial Mental Representation) तैयार करता है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के स्थानिक संज्ञान, लक्ष्य-निर्देशित व्यवहार और आंतरिक रूप से प्रेरित अन्वेषण कौशल के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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गेस्टाल्ट मनोवैज्ञानिक कर्ट लेविन (Kurt Lewin) के 'क्षेत्र सिद्धांत' (Field Theory) के अंतर्गत प्रतिपादित 'जीवन स्पेस या जीवन क्षेत्र' (Life Space) की अवधारणा—जिसके तहत किसी व्यक्ति के मनोवैज्ञानिक वातावरण (Psychological Environment) और उसकी व्यक्तिगत आवश्यकताओं, प्रेरणाओं तथा विश्वासों का संपूर्ण योग शामिल होता है जो किसी दिए गए समय में उसके व्यवहार को प्रत्यक्ष रूप से निर्धारित करता है—के वास्तविक मनोवैज्ञानिक निहितार्थ एवं कक्षा-कक्षीय शिक्षण में विद्यार्थियों के行为 (व्यवहार) परिवर्तन, प्रेरणा और व्यक्तिगत अंतरिक्ष के वैज्ञानिक संचालन के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा मनोवैज्ञानिक कथन सबसे अधिक प्रामाणिक और वैज्ञानिक रूप से मान्य है?
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